1. Hindi News
  2. भारत
  3. राजनीति
  4. लेह के बाद अब चमोली में चीनी सैनिकों ने की घुसपैठ

लेह के बाद अब चमोली में चीनी सैनिकों ने की घुसपैठ

 Written By: India TV News Desk
 Published : Jul 27, 2016 04:02 pm IST,  Updated : Jul 27, 2016 04:02 pm IST

नई दिल्ली: चीनी सैनिकों का एक बार फिर भारतीय सीमा में घुसपैठ का मामला सामना आया है। इस बार उत्तराखंड के चमोली जिले में भारत-चीन सीमा पर स्थित बाड़ाहोती का निरीक्षण करने गई प्रशासनिक टीम का चीनी सैनिकों से सामना हुआ।

uttarakhand- India TV Hindi
uttarakhand

नई दिल्ली: चीनी सैनिकों का एक बार फिर भारतीय सीमा में घुसपैठ का मामला सामना आया है। इस बार उत्तराखंड के चमोली जिले में भारत-चीन सीमा पर स्थित बाड़ाहोती का निरीक्षण करने गई प्रशासनिक टीम का चीनी सैनिकों से सामना हुआ। रिपोर्ट्स के अनुसार चीनी सैनिकों ने टीम को वापस लौटने का इशारा भी किया। इस बात की पुष्टि मुख्यहमंत्री हरीश रावत ने की है।

मुख्यमंत्री रावत ने कहा कि राज्य सरकार ने केंद्र सरकार को इस संबंध में जानकारी दे दी है। इस बीच केंद्रीय गृह राज्य मंत्री किरण रिजीजू ने कहा है कि यह देखना होगा कि यह घुसपैठ है या नहीं। उन्होंने इस बारे में आईटीबीपी से रिपोर्ट मांगी है।

जानकारी के अनुसार चमोली जिले के सीमावर्ती क्षेत्र में इससे पहले भी 2013-14 में कई बार चीनी सैनिक आ चुके हैं और पत्थरों पर चीन लिखकर जा चुके हैं। यहां पर करीब 80 वर्ग किलोमीटर के क्षेत्र पर चीन अपना दावा करता रहा है। बता दें उत्तराखंड राज्य की करीब 350 किलोमीटर की सीमा चीन से मिलती है।

बाड़ाहोती तक पहुंचना किसी चुनौती से कम नहीं है। जोशीमठ से 103 किलोमीटर दूर मलारी होते हुए रिमखिम तक सड़क से पहुंचा जाता है। इसके बाद आठ किलोमीटर पैदल चलकर बाड़ाहोती आता है। प्रशासनिक टीम इस इलाके का साल में तीन बार निरीक्षण करती है। यह निरीक्षण दो बार गर्मियों और एक बार सर्दी में किया जाता है।

उल्लेखनीय है कि उत्तर पूर्व में भारत से लगी सीमा पर भी चीन की ओर से घुसपैठ की खबरें आती रही हैं। इसके अलावा लेह पर भारत से लगी सीमा पर चीन की सेना कई बार घुसपैठ को अंजाम दे चुकी है।

हाल ही में लेह इलाके में चीन की ओर से आ रहे जासूसी भरे फोन कॉल्स में आईएसआई की मिलीभगत भी सामने आई थी। सीमावर्ती इलाकों में चीनी जासूसों ने भारतीय सेना के मूवमेंट और उसकी पोजीशन की जानकारी हासिल करने के लिए स्थानीय ग्रामीणों को फोन किए थे। इन कॉल्स में उन्होंने ख़ुद को भारतीय सेना का अफसर बताया था।

Advertisement

India TV हिंदी न्यूज़ के साथ रहें हर दिन अपडेट, पाएं देश और दुनिया की हर बड़ी खबर। Politics से जुड़ी लेटेस्ट खबरों के लिए अभी विज़िट करें भारत