देश की राजधानी दिल्ली में पेपर लीक को लेकर चल रहे प्रोटेस्ट के दौरान लगातार तीसरे दिन हिंसा हुई है। जंतर मंतर पर प्रोटेस्ट के दौरान पुलिस पर हमला किया गया है जिसमें 2 एसीपी और 2 पुलिस इंस्पैक्टर समेत कई पुलिसकर्मी घायल हुए हैं। घायलों में कनॉट प्लेस के ACP विवेक भगत शामिल और जय प्रकाश शामिल हैं। ये घटना दिल्ली में टॉलस्टॉय मार्ग के पास हुई है। पुलिस के मुताबिक RAF और पुलिस की टीम तय जगह पर रोजाना की तरह तैनात थी। इसी दौरान पुलिस और RAF पर पथराव होने लगा। इसके बाद जब पुलिस ने पथराव कर रहे लोगो को खदेड़ना शुरू किया तो उनमें से कुछ लोगों ने पुलिस पर हमला कर दिया और पुलिसकर्मियों की पिटाई की। प्रदर्शन कर रहे लोगों के हाथों में डंडे थे। पहले उन्होंने पथराव किया जिसके बाद डंडों से हमला किया। फिलहाल हालात को देखते हुए जंतर मंतर के पास भारी तादात में पुलिस बल को तैनात किया गया है। पुलिस पथराव करने वालों की पहचान में जुटी है।
मोदी सरकार ने बड़ी पहल की
दूसरी ओर जंतर मंतर पर जारी आंदोलन के बीच मोदी सरकार ने बड़ी पहल की है। पीएम मोदी ने ऐलान किया है कि पेपर लीक के दोषियों को सजा दिलाने के लिए सरकार फास्ट ट्रैक अदालतों का गठन करेगी। सरकार ने एक बार फिर विपक्ष से नीट पेपर लीक मामले पर संसद में चर्चा करने की अपील की है। सरकार ने विपक्ष को खुला ऑफर दिया है कि पेपर लीक पर किस दिन और कितनी देर तक चर्चा करनी है, ये विपक्ष तय करे। सरकार ने कहा कि वो पेपर लीक न हो इसके लिए सिस्टम सुधार रही है। इसके लिए विपक्ष जो भी सुझाव देना चाहे सरकार उसे शामिल करेगी।
विपक्ष शिक्षा मंत्री के इस्तीफे की मांग पर अड़ा
दूसरी ओर CJP और विपक्ष सरकार का ऑफर मानने के लिए तैयार नहीं है। वो अभी भी शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग पर अड़ा हुआ है। सूत्रों के अनुसार, CJP ने सरकार से बातचीत का प्रस्ताव ठुकरा दिया है। केंद्रीय मंत्री जेपी नड्डा ने संसद में पेपर लीक पर चर्चा का भरोसा दिया है। इसके साथ ही उन्होंने विपक्ष को दिन और समय तय करने का हक दिया है। राहुल गांधी पर लगाया सियासत का आरोप लगाते हुए उन्होंने कहा कि गैर-बीजेपी शासित राज्यों में पेपर लीक का ज़िक्र क्यों नहीं करते।
अनशन खत्म कर सकते हैं वांगचुक
पेपर लीक मामले पर अनशन कर रहे सोनम वांगचुक ने अस्पताल से वीडियो जारी कर अनशन खत्म करने के संकेत दिए हैं। उन्होंने शर्त रखी है कि अगर सरकार छात्रों पर बल प्रयोग रोकने और मुकदमे वापस लेने का भरोसा दे तो अनशन खत्म कर सकते हैं। लेकिन दूसरी ओर CJP धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे तक आंदोलन जारी रखने की मांग पर अड़ी हुई है। आइए जानते हैं इस मुद्दे से जुड़े सभी अपडेट हमारे इस Live Blog में...