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'मेरे भाषण को कट-एंड-पेस्ट किया गया', अब उदयनिधि ने विजय की सरकार पर साधा निशाना

 Written By: Vineet Kumar Singh
 Published : Aug 04, 2026 11:35 pm IST,  Updated : Aug 04, 2026 11:35 pm IST

पूछताछ के बाद रिहा हुए नेता उदयनिधि स्टालिन ने आरोप लगाया कि उनके भाषण का 'कट-एंड-पेस्ट' वीडियो फैलाकर उन्हें गिरफ्तार किया गया। उन्होंने कहा कि सरकार किसानों के मुद्दे दबाना चाहती है। पूरा विवाद कथित द्विअर्थी टिप्पणी से जुड़ा है, जबकि उन्होंने आरोपों को सिरे से खारिज किया।

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रिहा होने के बाद डीएमके नेता उदयनिधि स्टालिन। Image Source : ANI

Highlights

  • उदयनिधि स्टालिन बोले, एडिटेड वीडियो के आधार पर पुलिस ने उन्हें गिरफ्तार किया।
  • किसानों के मुद्दे दबाने के लिए सरकार ने कार्रवाई की, डीएमके नेता का आरोप।
  • तृषा टिप्पणी विवाद पर बोले, मेरे बयान का गलत मतलब निकाला गया।

चेन्नई: तमिलनाडु में डीएमके नेता और विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष उदयनिधि स्टालिन ने हिरासत से रिहा होने के बाद राज्य सरकार पर तीखा हमला बोला। उन्होंने आरोप लगाया कि उनके भाषण का 'कट-एंड-पेस्ट' संस्करण फैलाया गया और उसी के आधार पर उन्हें गिरफ्तार किया गया। उन्होंने कहा कि सरकार किसानों के मुद्दों पर होने वाली बहस को दबाना चाहती है, लेकिन वह डरने वाले नहीं हैं। उदयनिधि ने बताया कि रविवार को तंजावुर में किसानों के समर्थन में हुए प्रदर्शन में उन्होंने भाषण दिया था। उनके मुताबिक, इस प्रदर्शन और भाषण को किसानों का अच्छा समर्थन मिला, जिससे यह मुद्दा तेजी से चर्चा में आ गया। बता दें कि उदयनिधि को हाईकोर्ट के निर्देश के बाद रिहा कर दिया गया

'मेरे बयान को गलत तरीके से पेश किया गया'

उदयनिधि ने आरोप लगाया कि अगले दिन विधानसभा का सत्र शुरू होना था, जहां विपक्ष किसानों के मुद्दे उठाने वाला था। इसी वजह से सरकार ने ध्यान भटकाने और बहस रोकने की कोशिश की। उन्होंने दावा किया कि सोमवार सुबह उनके भाषण का एडिटेड वीडियो प्रसारित किया गया और यह झूठा दावा किया गया कि उन्होंने ऐसी बातें कही हैं, जो उन्होंने कभी नहीं कहीं। उन्होंने आरोप लगाया कि यही संपादित वीडियो राष्ट्रीय मीडिया संस्थानों तक भी पहुंचाया गया और उसी के आधार पर पुलिस उन्हें गिरफ्तार करने आई। उन्होंने कहा कि उन्होंने पुलिस का पूरा सहयोग किया और बिना किसी विरोध के उनके साथ चले गए। उन्होंने कहा,

'मैंने गिरफ्तारी के समय भी पत्रकारों से कहा था कि यह पूरा घटनाक्रम हास्यास्पद है। मुझे उन शब्दों के लिए गिरफ्तार किया जा रहा है, जो मैंने कभी कहे ही नहीं।'

'हम ऐसी कार्रवाइयों से डरने वाले नहीं हैं'

उदयनिधि स्टालिन ने कहा कि सरकार उन्हें चुप कराना और डराना चाहती है, लेकिन वह इससे डरने वाले नहीं हैं। उन्होंने कहा, 'मैं कलाईनार एम. करुणानिधि का पोता, एम.के. स्टालिन का बेटा और द्रविड़ मुनेत्र कड़गम का सदस्य हूं। हम ऐसी कार्रवाइयों से डरने वाले नहीं हैं। मैं इस चुनौती का सामना करने के लिए तैयार हूं।' उदयनिधि ने डबल मीनिंग वाले बयान देने के आरोपों को पूरी तरह खारिज किया। उन्होंने कहा कि उन्होंने किसी भी व्यक्ति के खिलाफ अपमानजनक या गलत टिप्पणी नहीं की। उदयनिधि ने कहा,

'मुझे सिर्फ किसानों के समर्थन में बोलने के कारण गिरफ्तार किया गया है। मेरे बयान का केवल एक ही अर्थ था। उसमें कोई दोहरा मतलब नहीं था।'

उदयनिधि ने सरकार को बताया 'सर्कस'

डीएमके नेता ने राज्य सरकार को 'सर्कस' बताते हुए कहा कि सरकार डीएमके विधायकों को देखते ही उन्हें गिरफ्तार करने की कोशिश करती है। उन्होंने कहा कि अब वह पार्टी नेतृत्व से मिलेंगे और आगे की रणनीति पर चर्चा करेंगे। उदयनिधि ने कहा कि अपने लगभग 25 मिनट के भाषण में उन्होंने बताया था कि मौजूदा सरकार ने सत्ता में आने के बाद किसानों के साथ किए गए वादे पूरे नहीं किए। उन्होंने कर्नाटक की मेकेदातु बांध परियोजना का भी मुद्दा उठाया। उदयनिधि का कहना था कि कर्नाटक सरकार बांध निर्माण के लिए आगे बढ़ रही है, जबकि तमिलनाडु के हिस्से का कावेरी नदी का पानी भी नहीं छोड़ा जा रहा है।

'यह  तमिलनाडु के सभी किसानों का मुद्दा है'

उदयनिधि ने कहा कि उन्होंने विधानसभा में इस मुद्दे पर सर्वदलीय बैठक बुलाने की मांग की थी, क्योंकि यह किसी एक पार्टी नहीं बल्कि तमिलनाडु के सभी किसानों का मुद्दा है, लेकिन सरकार ने उनकी इस मांग पर कोई प्रतिक्रिया नहीं दी। डीएमके नेता ने आरोप लगाया कि उन्होंने पिछले तीन महीनों में कावेरी और मेकेदातु मुद्दे पर सरकार और मंत्रियों की भूमिका से जुड़े कई सवाल उठाए थे, लेकिन सरकार जवाब देने के बजाय उनके भाषण को काट-छांटकर पेश करने लगी।

क्या है उदयनिधि से जुड़ा ये विवाद?

यह विवाद उस समय शुरू हुआ जब कावेरी मुद्दे पर आयोजित एक प्रदर्शन के दौरान उदयनिधि स्टालिन भाषण दे रहे थे। इसी दौरान भीड़ के कुछ लोगों ने 'तृषा-तृषा' के नारे लगाए। आरोप है कि इस पर उदयनिधि ने कथित तौर पर द्विअर्थी बयान दिया। इसके बाद उन्होंने स्पष्ट किया कि उनका इशारा कावेरी के पानी की ओर था। इस बयान को लेकर TVK की महिला इकाई ने तंजावुर पुलिस में शिकायत दर्ज कराई। शिकायत में आरोप लगाया गया कि उदयनिधि ने एक्ट्रेस तृषा को निशाना बनाते हुए दोहरे अर्थ वाली टिप्पणी की है। हालांकि, DMK का कहना है कि उदयनिधि के बयान को गलत तरीके से पेश किया गया।

किन धाराओं में दर्ज हुआ मामला?

इससे पहले मंगलवार को तंजावुर (पूर्व) पुलिस ने चेन्नई के नीलांकरई स्थित उदयनिधि स्टालिन के आवास से उन्हें हिरासत में लिया और पूछताछ के लिए तंजावुर ले गई। उनके खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 61, 79, 192, 196, 296(बी), 351(2) और 352, तमिलनाडु महिलाओं के उत्पीड़न निषेध अधिनियम की धारा 4 तथा सूचना प्रौद्योगिकी (आईटी) अधिनियम की धारा 67 के तहत मामला दर्ज किया गया है। हिरासत में लिए जाने के बाद भी उदयनिधि ने कहा कि उन्होंने कोई अपमानजनक टिप्पणी नहीं की और आरोप लगाया कि उनके भाषण के एडिटेड वीडियो के जरिए उनके खिलाफ 'फर्जी नैरेटिव' तैयार किया गया।

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