बेंगलुरु और मुंबई के बीच सफर करने वाले रेल यात्रियों के लिए अच्छी खबर है। दोनों शहरों के बीच नई वंदे भारत स्लीपर ट्रेन चलाने की तैयारी की जा रही है। यह ट्रेन 1 नवंबर 2026 से शुरू हो सकती है। खास बात यह है कि इसी दिन कर्नाटक राज्योत्सव भी मनाया जाता है। नई वंदे भारत स्लीपर ट्रेन अन्य ट्रेनों के मुकाबले करीब 6 घंटे तक का समय बचाएगी। यह ट्रेन नौकरीपेशा लोगों, कारोबारियों और परिवार के साथ यात्रा करने वालों के लिए एक सुविधाजनक ऑप्शन बन सकती है।
16 घंटे में पूरा होगा बेंगलुरु से मुंबई का सफर
प्रस्तावित समय-सारिणी के अनुसार, बेंगलुरु और मुंबई के बीच करीब 1,118 किलोमीटर की दूरी तय करने में वंदे भारत स्लीपर ट्रेन को लगभग 16 घंटे लग सकते हैं। फिलहाल उद्यान एक्सप्रेस से इस यात्रा में करीब 22 घंटे लगते हैं। ऐसे में नई ट्रेन से यात्रियों के लगभग 6 घंटे बचने की उम्मीद है। रिपोर्ट्स के मुताबिक, बेंगलुरु से ट्रेन रात 7:50 बजे रवाना होकर अगले दिन सुबह 11:55 बजे मुंबई के छत्रपति शिवाजी महाराज टर्मिनस (CSMT) पहुंच सकती है। वहीं, मुंबई से इसके रात 8:10 बजे चलने और अगले दिन सुबह 11:55 बजे बेंगलुरु पहुंचने का प्रस्ताव है।

इन स्टेशनों पर हो सकता है ठहराव
प्रस्तावित रूट में कर्नाटक, आंध्र प्रदेश और महाराष्ट्र के कई शहरों को जोड़ने की योजना है। रिपोर्ट्स के अनुसार, ट्रेन के संभावित स्टॉपेज इस प्रकार हैं:
- अनंतपुर
- गुंतकल
- रायचूर
- कलबुर्गी
- सोलापुर
- पुणे
- कल्याण
इस रूट में कलबुर्गी के रास्ते ट्रेन चलाने पर विचार किया जा रहा है। इस कॉरिडोर के कुछ हिस्सों में कम घुमाव होने के कारण तेज रफ्तार से ट्रेन चलाने में मदद मिल सकती है। हालांकि, अंतिम रूट और स्टॉपेज की आधिकारिक पुष्टि का इंतजार करना होगा।
16 कोच और तीन तरह के स्लीपर क्लास
प्रस्तावित वंदे भारत स्लीपर ट्रेन में 16 कोच होने की उम्मीद है। इसमें यात्रियों के लिए एसी थर्ड क्लास, एसी सेकंड क्लास और एसी फर्स्ट क्लास की सुविधा मिल सकती है। ट्रेन में करीब 823 बर्थ होने का अनुमान है।
सुरक्षा और सुविधाओं पर भी रहेगा जोर
नई ट्रेन में कवच सुरक्षा प्रणाली, सीसीटीवी कैमरे, आग का पता लगाने वाले उपकरण और दुर्घटना के प्रभाव को कम करने के लिए विशेष डिजाइन वाले कोच जैसी सुविधाएं मिलने की उम्मीद है। इसके अलावा USB चार्जिंग पॉइंट, ऑटोमैटिक दरवाजे और आपात स्थिति में संपर्क करने के लिए टॉक-बैक सिस्टम भी दिया जा सकता है।