Chandra Gochar 2026: चंद्रमा का गोचर बहुत खास माना जाता है, क्योंकि यह सीधे तौर पर हमारे मन, सोच और भावनाओं को प्रभावित करता है। 13 अप्रैल को चंद्रमा ने कुंभ राशि में प्रवेश करेंगे। कुंभ राशि चंद्रमा के शत्रु ग्रह शनि की राशि है। ऐसे में जब चंद्रमा कुंभ राशि में आता है, तो कुछ राशियों के लिए यह समय बेहद चुनौतीपूर्ण माना जाता है। खासतौर पर 3 राशि के जातकों को कई तरह की समास्याओं का सामना करना पड़ता है। इस दौरान व्यक्ति को भाग्य का साथ नहीं मिलता और मानसिक रूप से भी भारीपन महसूस होता है। तो आइए जानते हैं किन राशियों के लिए यह गोचर सबसे ज्यादा विनाशकारी साबित होगा।
शत्रु ग्रह शनि की राशि में चंद्रमा का गोचर
ज्योतिष शास्त्र में चंद्रमा को मन, मस्तिष्क और विचार का कारक ग्रह माना गया है। 12 अप्रैल की देर रात 1 बजकर 19 मिनट पर शनि की राशि कुंभ में चंद्रमा का गोचर होने जा रहा है, जो लगभग ढाई दिनों तक इसी राशि में रहेगा। चंद्रमा एकमात्र ऐसा ग्रह है, जिसका हमारे जीवन पर हर दिन सबसे ज्यादा और सबसे तेज असर होता है। इस दौरान ज्योतिषीय दृष्टि से कुछ राशियों पर विशेष प्रभाव देखने को मिलेगा, खासकर कर्क, कन्या और मीन राशि के जातकों को बेहद सतर्क रहने की सलाह दी जा रही है।
कर्क राशि
कर्क राशि के लिए यह गोचर आठवें भाव में हो रहा है, जिसे अनिश्चितताओं, डर, बुरी खबर, मौत, चोरी जैसी अप्रिय घटनाओं का भाव माना जाता है। इस दौरान कर्क राशि के लोगों को बहुत संभलकर रहने की सलाह दी जाती है। इस समय आपके जीवन में नेगेटिविटी बढ़ सकती है। मानसिक अशांति, काम में बाधाएं और मेहनत का सही फल न मिलना जैसी स्थितियां बन सकती हैं। गुस्सा और झल्लाहट भी बढ़ सकती है, इसलिए संयम बनाए रखना जरूरी होगा।
कन्या राशि
कन्या राशि के लिए चंद्रमा का यह गोचर छठे भाव में हो रहा है, जो शत्रु, विवाद और रोग का स्थान माना जाता है। इस दौरान कन्या राशि के जातकों को खासकर अपने रिश्तों और कार्य स्थल पर सतर्क रहने की जरूरत है। वहीं, अगर आप छोटी यात्रा पर जा रहे तो हैं तो अपने कीमती सामान को लेकर चौकन्ने रहना होगा, क्योंकि आपकी कुछ जरूरी चीज चोरी होने की भी संभावनाएं हैं। इसके अलावा परिवार में खास तौर पर माता पक्ष के लोगों से विवाद की स्थिति बन सकती है। किसी भी बड़े फैसले को टालना ही बेहतर रहेगा, क्योंकि इस दौरान आपके निर्णय लेने की क्षमता कमजोर पड़ सकती है। ऐसे में आपको लाभ की जगह नुकसान झेलना पड़ सकता है।
मीन राशि
मीन राशि वालों के लिए भी यह समय मुश्किलों भरा हो सकता है। आपके लिए यह गोचर 12वें भाव में हो रहा है, जिसे हानि, खर्च और मानसिक तनाव का भाव कहा जाता है। इस समय मीन राशि के जातकों को भावनात्मक रूप से कमजोर महसूस हो सकता है। पति-पत्नी के बीच तनाव या गलतफहमियां बढ़ सकती हैं। धन हानि या कीमती सामान के खोने की संभावना भी बनी रह सकती है। ऐसे में सोच-समझकर फैसले लेना और दूसरों की सलाह लेना फायदेमंद साबित होगा।
(Disclaimer: यहां दी गई जानकारियां धार्मिक आस्था और लोक मान्यताओं पर आधारित हैं। इसका कोई भी वैज्ञानिक प्रमाण नहीं है। इंडिया टीवी एक भी बात की सत्यता का प्रमाण नहीं देता है।)
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