किसी जरूरी काम को लेकर पूरी तैयारी कर ली, मेहनत भी खूब की, लेकिन ऐन मौके पर कोई अड़चन आ गई। अगर आपके साथ भी ऐसा बार-बार होता है तो ज्योतिष में इसके पीछे ग्रहों की स्थिति समेत कई कारण माने जाते हैं। ऐसी परेशानियों में भगवान गणेश की पूजा को विशेष महत्व दिया जाता है। उन्हें विघ्नहर्ता कहा जाता है, यानी ऐसी शक्ति जो राह में आने वाली बाधाओं को दूर करती है। ऐसे में गणपति की आराधना के साथ कुछ आसान उपाय किए जाएं तो कार्यों में आ रही रुकावटों से राहत मिल सकती है।
दूर्वा से करें शुरुआत
गणेश पूजा में दूर्वा का विशेष महत्व माना गया है। बुधवार के दिन सुबह स्नान करने के बाद भगवान गणेश की पूजा करें और उन्हें 21 दूर्वा अर्पित करें। इस दौरान 'ॐ गं गणपतये नमः' मंत्र का जाप किया जा सकता है। मान्यता है कि नियमित रूप से गणपति को दूर्वा चढ़ाने से कार्यों में आने वाले विघ्न कम करने में मदद मिलती है।
भोग में रखें ये चीजें
गणेश जी को प्रसन्न करने के लिए महंगे भोग की जरूरत नहीं मानी जाती। मोदक के अलावा गुड़ और धनिया भी उन्हें अर्पित किया जा सकता है। खासतौर पर बुधवार को पूजा के बाद श्रद्धा से इनका भोग लगाएं। ज्योतिष में बुध को बुद्धि, वाणी और व्यापार से जोड़ा जाता है और गणेश जी को बुध ग्रह का स्वामी माना जाता है।
आंकड़े की जड़
घर में सकारात्मक माहौल बनाए रखने के लिए आंकड़े की जड़ यानी मंदार से जुड़ा उपाय भी बताया गया है। इसे घर के मुख्य द्वार के पास रखा जा सकता है। मान्यता है कि इससे नकारात्मक ऊर्जा और नजर दोष से बचाव होता है। गणेश जी की पूजा के साथ इस उपाय को भी श्रद्धा से किया जा सकता है।
शमी पत्र का उपाय
अगर किसी काम में बार-बार देरी हो रही है तो गणपति पूजा में शमी पत्र शामिल कर सकते हैं। ज्योतिषीय मान्यता में शमी का संबंध शनि से बताया गया है। पूजा के दौरान शमी पत्र भगवान गणेश को अर्पित करें और अपने काम में सफलता तथा बाधाओं से मुक्ति की प्रार्थना करें।
(Disclaimer: यहां दी गई जानकारियां धार्मिक आस्था और लोक मान्यताओं पर आधारित हैं। इसका कोई भी वैज्ञानिक प्रमाण नहीं है। इंडिया टीवी एक भी बात की सत्यता का प्रमाण नहीं देता है।)
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