महेन्द्र सिंह धोनी बुधवार को जब टीम इंडिया को लेकर बांग्लादेश के ख़िलाफ़ तीसरा वनडे खेलने उतरेंगे तो सभी ख़ासकर उनके भारतीय प्रशंसकों के मन में एक ही सवाल होगा कि क्या मिस्टर कूल अपनी टीम का सूपड़ा साफ होने से बचा पाएंगे।
टीम इंडिया तीन मैचों की श्रृंखला 2-0 से हार चुकी है और जिस तरह से उसने दोनों मैच एक तरफा तरीके से हारें हैं उससे इस आशंका को बल मिलता है कि कहीं तीसरे मैच का भी नतीजा वही न हो।
जिस तरह से मिस्टर कूल ने दूसरे मैच के बाद मीडिया के सामने अपना आपा खोते हुए कहा था, "अगर मेरे कप्तानी छोड़ने से टीम इंडिया का भला होता है तो मुझे हटा दीजिए, मैं आम प्लेयर की तरह खेलने को तैयार हूं," उससे एक बात स्पष्ट है कि टीम इंडिया में कहीं कुछ गड़बड़ है।
धोनी के इस बयान ने एक नई बहस छेड़ दी है। धोनी को लेकर भी और टीम इंडिया के अंदरूनी माहौल को लेकर भी।
क्या हैं 5 चुनौतियां जिसका करना होगा धोनी को सामना, जानने के लिए देखें अगला पेज