नई दिल्लीः आज भारत और बांग्लादेश पहले टेस्ट मैच में आमने-सामने होंगे। बांग्लादेश के फातुल्लाह में खेले जाने वाले इस मैच के लिए दोनों टीमें पूरी तरह से तैयार हैं। विराट बांग्लादेश का दौरा करने वाले 5वें भारतीय कप्तान है और इसी के साथ उन पर जिम्मेदारी भी बड़ी है क्योंकि पिछले चार भारतीय कप्तान उन सभी दौरों में सफल रहे हैं।
टीम इससे पहले 7 बार बांग्लादेश के दौरे पर जा चुकी है। भारतीय टीम ने पहली बार बांग्लादेश के खिलाफ टेस्ट मैच सन् 2000 में खेला था और उस समय बांग्लादेश टीम क्रिकेट के इस बड़े प्रारूप में अपनी पहचान बनाने उतरा था। बल्लेबाज विराट कोहली कप्तान के तौर पर टीम इंडिया को लेकर बांग्लादेश के दौरे पर गये हैं। ऑस्ट्रेलिया सीरीज में सिर्फ दो मैच में कप्तानी का अनुभव लिए विराट पहली बार बांग्लादेश के खिलाफ टीम का नेत्रत्व करेंगे। वाकई में कोहली और भारतीय टीम के लिए यह एक नयी शुरुआत है।
भारत ने बांग्लादेश के खिलाफ अब तक केवल 7 टेस्ट मैच उन्हीं की ज़मीन पर खेले हैं। इनमें से 6 में भारत ने जीत हासिल की जबकी एक मैच ड्रा हो गया था।

बांग्लादेश में इन्होंने की भारतीय टीम की कप्तानी
बांग्लादेश के दौरे पर भारत के अब तक 4 खिलाड़ी कप्तानी कर चुके है। कोहली पाचवें कप्तान हैं जो इस बार भारतीय टीम की अगुवाई करेंगे। इससे पहले सन् 2000 से 2006 तक भारतीय टीम के कप्तान सौरव गांगुली रह चुके हैं जिनके नेत्रत्व में भारत ने बांग्लादेश के तीन दौरे किए और उसके खिलाफ टेस्ट जीत की हैट्रिक लगाई।
उसके बाद 2007 में राहुल द्रविड़ को टीम की कप्तानी सौंपी गयी थी। लेकिन इस दो मैच की सीरीज के पहले मैच को कम रैंकिग वाली बांग्लादेश टीम ड्रा कराने में कामयाब रही लेकिन ढाका में खेले गए दूसरे मैच को टीम इंडिया ने अपने नाम किया और इसी जीत के साथ सिरीज पर कब्ज़ा किया।
आखिरी बार बांग्लादेश के दौरे के लिए महेंद्र सिंह धोनी को कप्तानी सौंपी गयी थी लेकिन चोट की वजह से वो पहला टेस्ट नहीं खेल सके। उसके बाद विरेंद्र सहवाग ने कार्यवाहक के रूप में कप्तान की भूमिका निभाई जिसमें भारत ने 113 रनों से मैच जीता था। फिर दूसरे और आखिरी मैच में धोनी ने वापसी कर 2-0 से भारत को सिरीज में जीत सुनिश्चित करायी थी।
इस बार भी उम्मीद है कि भारत के नए-नवेले कप्तान कोहली अपना विराट रूप दिखाएंगे और बांग्लादेश की जमीन पर जीत का परचम लहराएंगे।