कहते हैं कि मोहब्बत की कोई उम्र नहीं होती और ऐसा ही कुछ उत्तर प्रदेश के बहराइच में देखने को मिला है। बहराइच के रफीक अहमद बाबा जिनकी उम्र 60 साल है उन्होंने 40 साल की जुलेखा के साथ निकाह कर अपनी जिंदगी की नई शुरुआत की है। बहराइच में हर जगह इस शादी की चर्चा की जा रही है, जिसको लेकर लोग खुशी भी व्यक्त कर रहे हैं। दरअसल, बहराइच के मोहल्ला बड़ीहाट, मकबरा चौराहा निवासी रफीक अहमद बाबा की पहली पत्नी का करीब 14 महीने पहले इंतकाल हो गया था। पहली पत्नी से उनके तीन बच्चे हैं और तीनों की शादी भी हो चुकी है। बच्चे अपने-अपने परिवार के साथ खुशहाल जिंदगी बिता रहे हैं।
पत्नी के इंतकाल के बाद रफीक अहमद को पड़ी हमसफर की जरूरत
बहराइच में 60 साल की उम्र में शादी करने वाले रफीक अहमद बाबा की पहली पत्नी का इंतकाल 14 महीने पहले हो गया था। पहली पत्नी के निधन के बाद रफीक अहमद बाबा को भी जिंदगी के इस पड़ाव पर एक हमसफर और सहारे की जरूरत महसूस हुई, जिसके बाद उन्होंने दूसरी शादी करने का फैसला लिया। निकाह को यादगार बनाने के लिए 60 साल के रफीक अहमद बाबा पूरे उत्साह के साथ बारात लेकर बहराइच के ग्राम शेखदहीर पहुंचे, जहां 40 साल की जुलेखा के साथ उनका निकाह हुआ। बारात में ढोल-नगाड़ों की गूंज रही और आतिशबाजी के बीच शादी का जश्न धूमधाम से मनाया गया। इस खुशी के मौके पर परिवार के लोग, रिश्तेदार और परिचित भी शामिल हुए।
पूरे इलाके में रही है रफीक अहमद बाबा और जुलेखा के निकाह की चर्चा
रफीक अहमद बाबा और जुलेखा की शादी को लेकर बहराइच में लगभग 60 साल से अधिक दूल्हे और 40 साल की दुल्हन के इस निकाह की चर्चा अब पूरे इलाके में हो रही है। कोई इसे जिंदगी की नई शुरुआत बता रहा है तो कोई मुस्कुराते हुए इस शादी की चर्चा कर रहा है। लेकिन रफीक अहमद बाबा का यह निकाह एक बात जरूर बताता है कि जिंदगी में हमसफर की जरूरत किसी एक उम्र तक सीमित नहीं होती। मोहब्बत और साथ निभाने का जज्बा उम्र का मोहताज नहीं होता।
(रिपोर्ट - बच्चे भारती)
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