1. Hindi News
  2. वायरल न्‍यूज
  3. 5 साल की बच्ची का वजन 45 किलो, ज्यादा न खा ले इसलिए करना पड़ता है किचन लॉक

5 साल की बच्ची का वजन 45 किलो, ज्यादा न खा ले इसलिए करना पड़ता है किचन लॉक

 Edited By: Pankaj Yadav
 Published : Jan 27, 2023 11:17 pm IST,  Updated : Jan 27, 2023 11:17 pm IST

5 साल की बेटी कुछ ज्यादा खा पी ना ले इसके लिए मां को किचन में ताला लगाकर रखना पड़ता है। उन्होंने कहा- भविष्य में मुझे और उपाय करने होंगे। जैसे-जैसे बेटी की उम्र बढ़ेगी मुझे और पाबंदियां लगानी होंगी। 6 महीने की उम्र में बेटी की दुर्लभ बीमारी का पता चला था।

हारलो और उसकी मां हॉली विलियम्स- India TV Hindi
हारलो और उसकी मां हॉली विलियम्स Image Source : INSTAGRAM

5 साल की एक लड़की का वजन 98 पौंड यानी 45 किलो है। वह आम बच्चों की तुलना में बहुत ज्यादा ही खाती है इसलिए उसकी मां को किचन का दरवाजा हमेशा बंद कर के रखना पड़ता है ताकी वह ज्यादा न खा ले। बच्ची का नाम हारलो है और उसकी मां का नाम हॉली विलियम्स है। हारलो को प्रेडर-विली सिंड्रोम है और उसमें क्रोमोसोम 15 नहीं है, जो भूख को नियंत्रित करने के लिए जिम्मेदार है। इसलिए, हार्लो को लगातार भूख लगती है और वह हमेशा खाना चाहती है। बच्ची की मां ने बताया कि रसोई के दरवाजे पर एक बेबी गेट होने से यह फायदा होता है कि हारलो किचन में खाने वाले अलमारी तक न पहुंच सके। 

हारलो और उसकी मां हॉली विलियम्स
Image Source : INSTAGRAMहारलो और उसकी मां हॉली विलियम्स

हॉली विलियम्स ने कहा, "भविष्य में मुझे और उपाय करने होंगे, और जैसे-जैसे हारलो बड़ी होती जाएगी वैसे-वैसे मुझे किचन में ताला लगाना पड़ेगा।" मॉम होली विलियम्स कहती हैं कि उन्हें किचन ब्लॉक करने के लिए बेबी गेट का इस्तेमाल करना पड़ता है ताकि उनकी बेटी, हार्लो, जिसे प्रेडर-विली सिंड्रोम है, घर का सारा खाना नहीं खा जाए। सिर्फ 6 महीने की उम्र में, हार्लो की मां को उसके बीमारी के सिंड्रोम के बारे में पता चला था। उसकी मां ने उससे पहले इस बीमारी के बारे में कभी नहीं सुना था।

हारलो और उसकी मां हॉली विलियम्स
Image Source : INSTAGRAMहारलो और उसकी मां हॉली विलियम्स

बच्ची को है ये बीमारी

मेयो क्लिनिक के अनुसार प्रेडर-विली सिंड्रोम एक दुर्लभ अनुवांशिक विकार है, और यह उन लोगों में शारीरिक, मानसिक और व्यवहार संबंधी समस्याओं में प्रकट हो सकता है जिनके पास यह है। इस बीमारी की बहुत सारी जटिलताएं मोटापे के कारण होती हैं। प्रेडर-विली के होने से हार्लो आठ महीने की उम्र तक अपना सिर नहीं उठा सकती थी और ढाई साल की उम्र तक नहीं चल सकती थी। विलियम्स ने कहा, "हम जानते थे कि जब हार्लो का जन्म हुआ था तो कुछ गलत था।" "वह वास्तव में फ्लॉपी थी, उसमें कोई ताकत नहीं थी, वह रोती नहीं थी, और बोतल से ठीक से नहीं दूध नहीं पीती थी।" अब विलियम्स के पास अपनी बेटी की स्थिति के बारे में सबकुछ पता है, इसलिए वह उसके लिए उचित उपाय कर रही है ताकी वह स्वस्थ रहे। वह कहती है कि उन्हें 5 साल की बच्ची के साथ सख्त होना पड़ता है।

हारलो और उसकी मां हॉली विलियम्स
Image Source : INSTAGRAMहारलो और उसकी मां हॉली विलियम्स

बच्ची ज्यादा न खाए इसका ध्यान उसकी मां रखती है

विलियम्स ने कहा, "इस समय हार्लो का वजन अधिक है, इसलिए मुझे उसके साथ सख्त होना होगा और उसे बताना होगा कि वह भोजन करने के बाद और नहीं खा सकती है।" "मुझे यकीन है कि उसके पास एक स्वस्थ और संतुलित आहार है, लेकिन उसे अभी भी इलाज की जरूरत है, क्योंकि वह अभी एक बच्ची है।" विलियम्स ने कहा, "कभी-कभी परिस्थितियों से निपटना मुश्किल हो जाता है, लेकिन क्योंकि हारलो मेरी पहली संतान है इसलिए मै यह करती रहूंगी"

हारलो नाम की इस बच्ची का वजन 45 किलो है।
Image Source : INSTAGRAMहारलो नाम की इस बच्ची का वजन 45 किलो है।

बीमारी को लेकर माता-पिता के बीच डर का माहौल

विकार ने कई माता-पिता में भय पैदा किया है। 2016 में, मनोएल अब्रू ने कहा कि वह चिंतित था कि उसका 178 पाउंड का 5 वर्षीय बच्चा मरने वाला था, जबकि न्यू हेवन, कनेक्टिकट की एक माँ ने कहा कि उसके जुड़वाँ बच्चे एक दिन "खुद को खाकर मर सकते हैं"।

Advertisement

India TV हिंदी न्यूज़ के साथ रहें हर दिन अपडेट, पाएं देश और दुनिया की हर बड़ी खबर। वायरल न्‍यूज से जुड़ी लेटेस्ट खबरों के लिए अभी विज़िट करें।