अंडाल (पश्चिम बंगाल): अंडाल स्थित डीवीसी (DVC) के गेट के सामने गुरुवार की सुबह उस समय अफरा-तफरी मच गई, जब ट्रक चालकों से कथित अवैध वसूली को लेकर पहले दो गुटों के बीच विवाद हुआ और उसके बाद दोनों गुट आपस में भिड़ गए। देखते ही देखते मामूली कहासुनी ने उग्र रूप ले लिया और दोनों पक्षों के बीच जमकर मारपीट शुरू हो गई। इस हिंसक झड़प के बाद पूरे इलाके में भारी तनाव फैल गया है। आइए जानते हैं क्या है पूरी खबर।
स्थानीय सूत्रों और चश्मदीदों के अनुसार, डीवीसी में आने-जाने वाले भारी मालवाहक ट्रकों से अवैध तरीके से पैसे वसूले जाने के आरोप लग रहे हैं। गुरुवार को इसी रंगदारी और वसूली को लेकर दो गुट आमने-सामने आ गए। ट्रक ड्राइवरों का कहना है कि कुछ उपद्रवी DVC प्लांट से आने-जाने वाले ट्रक ड्राइवरों से अवैध रूप से पैसे वसूलते हैं। जब ड्राइवरों ने रंगदारी देने से मना किया तो दोनों गुटों के बाद विवाद खड़ा हो गया। देखते ही देखते मौखिक विवाद हाथापाई और मारपीट में तब्दील हो गया। घटना की सूचना तुरंत स्थानीय पुलिस प्रशासन को दी गई। स्थिति की संवेदनशीलता को देखते हुए पश्चिम बंगाल के अंडाल थाने की पुलिस मौके पर पहुंची और कड़ी मशक्कत के बाद माहौल को नियंत्रित किया। पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए घटना स्थल से मारपीट में शामिल कुछ संदिग्ध युवकों को हिरासत में लिया है, जिनसे थाने में पूछताछ की जा रही है।
विधायक पार्थ घोष ने क्या कहा?
मामले पर प्रतिक्रिया देते हुए रानीगंज के विधायक पार्थ घोष ने भी पैसे वसूली की बात स्वीकार की है। उन्होंने पुलिस को निष्पक्ष और त्वरित कार्रवाई करने के निर्देश दिए हैं। फिलहाल, डीवीसी गेट के आसपास अतिरिक्त पुलिस बल की तैनाती कर दी गई है ताकि दोबारा कोई अप्रिय घटना न हो। सूत्रों के अनुसार, पुलिस अधिकारियों का कहना है कि क्षेत्र में अवैध वसूली के आरोपों की गहनता से जांच की जा रही है और घटना के पीछे के असल मास्टरमाइंड का पता पुलिस जांच पूरी होने के बाद ही चल पाएगा। इसके साथ ही पुलिस यह भी पता लगाने की कोशिश करेगी कि पूरे मामले की वास्तविकता क्या है, इस संबंध में पुलिस के द्वारा ट्रक चालकों के साथ ही विभाग के उच्च अधिकारियों से भी बातचीत की जा सकती है।
(इनपुट- बिज्जू मंडल)
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