बेन्युमस: इंडोनेशिया में भूस्खलन और बाढ़ से मरने वालों की संख्या आज बढ़कर 47 हो गई। एक अधिकारी ने बताया कि सैकड़ों घर कीचड़ और लुढ़कते पत्थरों की चपेट में आ गए हैं। जावा द्वीप पर सप्ताहांत में बारिश की वजह से हुए भूस्खलन और बाढ़ आने के बाद सैकड़ों बचावकर्ता घरों के मलबों और टीलों में से 15 ग्रामीणों को तलाश रहे हैं जो अब भी लापता हैं।
घनी आबादी वाले समूचे मध्य जावा प्रांत में यह प्राकृतिक आपदा आई है, जहां पर कीचड़, पत्थर और पानी इमारतों को तेजी से घेर रहे हैं क्योंकि बाढ़ ने पहाडि़यों पर बसी बस्तियों को रौंद दिया है और इसके कारण सड़कें भी बह गई हैं।
बाढ़ का पानी भरने और उसका स्तर बढ़़ने की वजह से ग्रामीण छतों पर शरण लेने को मजबूर हो रहे हैं। बचावकर्ता ऐसे इलाकों में पीडि़तों तक पहुंचने के लिए बड़ी मशीनों का इस्तेमाल कर रहे हैं जहां ये पहुंच सकती हैं और दूरस्थ इलाकों में वे अपने खाली हाथों और फावड़ों से मलबा खोद रहे हैं।
आपदा प्रवक्ता एसपी नुग्रोहो ने कहा कि 47 लोगों के मरने की पुष्टि हो गई है जबकि 15 लापता हैं और 14 लोग जख्मी हुए हैं। सैकड़ों घर बुरी तरह से क्षतिग्रस्त हुए हैं और कुछ तो पूरी तरह से नष्ट हो गए हैं।