नई दिल्ली: भगवान ने हर इंसान को खूबसूरत बनाया है, और उनकी नजर में हर इंसान एक जैसा है। लेकिन हम इंसानों ने एक दूसरे को जाति, धर्म और रंग में बांट दिया है। आज हम एक ऐसे समाज में रहते हैं जहां पर आज भी काले लोगों को नीचा और गोरे लोगों को ऊंचा माना जाता है। हर इंसान अपने क्षेत्र में सुंदर हैं यह बात सभी जानते हैं।
जोनन्यूज के मुताबिक कुछ महीने पहले मोस्को पब्लिकेशन ने रूस में हुए एक रिसर्च के सफल होने की बात कही थी। जिसमे उन्होंने एक केमिकल के प्रयोग से काले व्यक्ति को गोरा करने की बात कही थी। जब इस रिसर्च के बारे में लोगों को पता चला तो लोगों का कहना ता कि यह खबर फेक है लेकिन रूस की लेबोरेटरी का कहना है कि यह सच है कि उन्होंने एक ऐसा केमिकल बनाया है जिससे काले लोगों को गोरा किया जा सकता है और वह इस केमिकल का प्रयोग 254 लोगों पर कर चुके हैं।
रिपोर्ट के अनुसार पता चला है कि रूस की सरकार जल्द ही इस प्रकार के ट्रीटमेंट को पूरे देश में लागू करने वाली है। रूस के अधिकारियों का कहना है कि यह प्रक्रिया उन हजारों शरणर्थियों के लिए लाभदायक होगी जिन्हें अपने रंग की वजह से देश में अपमान सहना पड़ता है। इस प्रक्रिया में व्यक्ति के शरीर से काली त्वचा की परत को निकाला जाता है इस पूरी प्रक्रिया में 6 घंटे का समय लगता है।