कीव: रूस और यूक्रेन के बीच जंग में यूक्रेनी सेना और रूसी युद्ध ब्लॉगर्स ने बड़ा दावा किया है। ब्लॉगर्स का दावा हे कि रूसी स्पेशल फोर्स के जवान एक गैस पाइपलाइन के अंदर कई किलोमीटर पैदल चल कर गए जिससे वो कुर्स्क क्षेत्र में यूक्रेनी सैनिकों पर पीछे से हमला कर सकें। रूस के इस हमले को बड़ी सैन्य रणनीति के रूप में देखा जा रहा है। हमला करने वालों में रूस के सहयोगी उत्तर कोरिया के कुछ सैनिक भी शामिल थे।
15 किलोमीटर तक पाइप में चले सैनिक
यूक्रेन में जन्मे, क्रेमलिन समर्थक एक ब्लॉगर की ओर से डाली गई टेलीग्राम पोस्ट के अनुसार, रूसी बल पाइपलाइन के अंदर लगभग 15 किलोमीटर (9 मील) तक चले, जिसका उपयोग मॉस्को हाल के दिनों तक यूरोप को गैस भेजने के लिए करता था। ब्लॉगर यूरी पोडोल्याका ने दावा किया कि कुछ रूसी सैनिकों ने सुदजा शहर के पास पीछे से यूक्रेनी इकाइयों पर हमला करने से पहले कई दिन पाइप में बिताए थे।
सुदजा के लिए जारी है भीषण जंग
एक अन्य युद्ध ब्लॉगर ने कहा कि सुदजा के लिए भीषण लड़ाई चल रही है और रूसी सेना गैस पाइपलाइन के माध्यम से शहर में प्रवेश करने में सफल रही है। ‘एसोसिएटिड प्रेस’ इन ब्लागर्स के खातों की प्रामाणिकता का सत्यापन नहीं कर सका और रूस के अधिकारियों की ओर से तत्काल कोई प्रतिक्रिया नहीं मिली। इससे पहले रूसी रक्षा मंत्रालय ने रविवार को बताया कि उसके सैनिकों ने सुदजा के उत्तर और उत्तर-पश्चिम में चार गांवों पर कब्जा कर लिया है, जिनमें से सबसे नजदीकी गांव शहर के केंद्र से लगभग 12 किलोमीटर (7.5 मील) दूर है। यूक्रेन ने रूसी दावों पर तत्काल कोई टिप्पणी नहीं की है।

यूक्रेन ने किया था हमला
दरअसल, मॉस्को अपने सीमावर्ती प्रांत के कुछ हिस्सों को फिर से अपने कब्जे में लेने की कोशिश कर रहा है, जिस पर कीव ने कब्जा कर लिया था। अगस्त में यूक्रेन ने कुर्स्क में सीमा के भीतर घुसकर एक हमला किया था जो द्वितीय विश्व युद्ध के बाद से रूसी क्षेत्र पर सबसे बड़ा हमला माना जा रहा है। इस हमले के बाद कुछ ही दिन में, यूक्रेनी सेना ने 1,000 वर्ग किलोमीटर (386 वर्ग मील) क्षेत्र पर कब्जा कर लिया था जिसमें रणनीतिक सीमावर्ती शहर सुदजा भी शामिल था। कीव के अनुसार, रूसी क्षेत्रों पर कब्जे का मकसद भविष्य की शांति वार्ता में मोलभाव करना और रूस को पूर्वी यूक्रेन में अपने आक्रामक अभियान से सैनिकों को हटाने के लिए मजबूर करना था।
डोनाल्ड ट्रंप ने दिया बड़ा बयान
इसी बीच अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने रविवार को एक साक्षात्कार में कहा कि यूक्रेन शायद अस्तित्व में ना रहे। फॉक्स न्यूज चैनल के कार्यक्रम "संडे मॉर्निंग फ्यूचर्स" में एक साक्षात्कार के दौरान ट्रंप से पूछा गया कि पोलैंड के राष्ट्रपति आंद्रेज डूडा ने चेतावनी दी है कि अगर अमेरिका ने यूक्रेन की मदद बंद कर दी, तो उसका अस्तित्व खत्म हो जाएगा। उन्होंने जवाब दिया, ‘‘खैर, वह वैसे भी बच नहीं सकता।’’ (भाषा)
यह भी पढ़ें:
कराची में अफगानी नागरिकों के साथ हुआ दर्दनाक हादसा, अफगान बस्ती में पसरा मातमपेंसिल्वेनिया में क्रैश हुआ विमान, गिरते ही आग का गोला बना, 5 लोग थे सवार- Video