1. Hindi News
  2. विदेश
  3. अमेरिका
  4. पहले अश्वेत राष्ट्रपति की विदाई के बाद कौन संभालेगा अमेरिका की सत्ता, जवाब 2016 में मिलेगा

पहले अश्वेत राष्ट्रपति की विदाई के बाद कौन संभालेगा अमेरिका की सत्ता, जवाब 2016 में मिलेगा

 Written By: India TV News Desk
 Published : Dec 29, 2015 01:11 pm IST,  Updated : Dec 30, 2015 04:13 pm IST

बतौर अमेरिकन राष्ट्रपति अपना अंतिम कार्यकाल पूरा करने जा रहे बराक हुसैन ओबामा देश के प्रथम अश्वेत और अमरीका के 44वें राष्ट्रपति हैं।

barack obama- India TV Hindi
barack obama

नई दिल्ली: बतौर अमेरिकन राष्ट्रपति अपना अंतिम कार्यकाल पूरा करने जा रहे बराक हुसैन ओबामा देश के प्रथम अश्वेत और अमरीका के 44वें राष्ट्रपति हैं। उन्होंने 20 जनवरी, 2009 को राष्ट्रपति पद की शपथ ली थी। अमेरिका में 2016 में राष्ट्रपति चुनाव होने हैं और नए राष्ट्रपति के चयन की प्रक्रिया शुरू हो चुकी है। 20 जनवरी 2017 को ओबामा का व्हाइट हाउस में आखिरी दिन होगा।

अमेरिका में राष्ट्रपति पद के लिए होने वाले चुनाव की प्रक्रिया भारत के मुकाबले काफी पेचीदा और लंबी है। ऐसे में यह समझना जरूरी है कि यह मुल्क अपने राष्ट्रपति का चुनाव कैसे करता है। अमेरिका में जन्मा और 35 साल की आयु वाला और पिछले 14 सालों से देश में रह रहा व्यक्ति ही इस चुनाव में अपनी उम्मीदवारी पेश कर सकता है। अमेरिकी संविधान में ‘इलेक्टोरल कॉलेज’ के जरिए अमेरिकी राष्ट्रपति के चुनाव की व्यवस्था है। यह विधि तब वजूद में आई जब अमेरिका के संविधान निर्माताओं को दो धड़ों के बीच समझौता हुआ। अमेरिकी संविधान निर्माताओं का एक धड़ा इस पक्ष में था कि अमेरिकी संसद को राष्ट्रपति चुनने का अधिकार मिले। वहीं, दूसरा धड़ा जनता की सीधी वोटिंग के जरिए राष्ट्रपति चुने जाने के हक में था। ‘इलेक्टोरल कॉलेज’ को इन दोनों धड़ों की अपेक्षाओं की बीच की एक कड़ी माना गया।

अमेरिका में दो राजनीतिक पार्टियों की व्यवस्था है। वहां चुनाव हर चार साल में एक बार होते हैं। राष्ट्रपति बनने की आकांक्षा रखने वाले उम्मीदवार सबसे पहले एक समिति बनाते हैं, जो चंदा इकट्ठा करने और संबंधित नेता के प्रति जनता का रुख भांपने का काम करती है। कई बार यह प्रक्रिया चुनाव से दो साल पहले ही शुरू हो जाती है। औपचारिक तौर पर चुनावी साल में चुनाव प्रक्रिया ‘प्राइमरी’ के साथ जनवरी में शुरु होती है और जून तक चलती है। इस दौर में पार्टी अपने उन उम्मीदवारों की सूची जारी करती है, जो राष्ट्रपति पद के लिए चुनाव में उतरना चाहते हैं। इसके बाद दूसरे दौर में अमेरिका के 50 राज्यों के वोटर पार्टी प्रतिनिधि ( पार्टी डेलिगेट) चुनते हैं।

अमेरिकी संविधान प्राइमरी स्तर पर पार्टी प्रतिनिधि चुनने की प्रक्रिया में कोई लिखित निर्देश नहीं देता है। यही वजह है कि कुछ राज्यों में जनता ‘प्राइमरी’ दौर में मतदान का इस्तेमाल न करके ‘कॉकस’ के जरिए पार्टी प्रतिनिधि का चुनाव करती है। ‘कॉकस’ के तहत राज्यों में स्थानीय स्तर पर बैठक कर पार्टी प्रतिनिधियों का चुनाव किया जाता है। प्राइमरी में चुने गए पार्टी प्रतिनिधि दूसरे दौर में पार्टी के सम्मेलन (कन्वेंशन) में हिस्सा लेते हैं। कन्वेनशन में ये प्रतिनिधि पार्टी के राष्ट्रपति पद के उम्मीदवार का चुनाव करते हैं। इसी दौर में नामांकन की प्रक्रिया होती है। राष्ट्रपति पद का उम्मीदवार अपनी पार्टी की ओर से उप राष्ट्रपति पद का उम्मीदवार चुनता है।

Advertisement

India TV हिंदी न्यूज़ के साथ रहें हर दिन अपडेट, पाएं देश और दुनिया की हर बड़ी खबर। US से जुड़ी लेटेस्ट खबरों के लिए अभी विज़िट करें विदेश