अतरी: बिहार में विधानसभा चुनावों के लिए सभी पार्टियों ने कमर कस ली है। जोर-शोर से प्रचार अभियान चलाया जा रहा है। अतरी विधानसभा सीट बिहार की महत्वपूर्ण विधानसभा सीट है। यह गया जिले में आती है। 2020 के विधानसभा चुनावों में यह सीट राष्ट्रीय जनता दल (RJD) ने जीती थी। RJD के उम्मीदवार अजय यादव ने जेडीयू की मनोरमा देवी को 7931 वोटों के अंतर से हराया था। इस सीट पर इस साल विधानसभा चुनाव काफी दिलचस्प होने वाला है। इस बार बिहार की सियासत में काफी कुछ नया होने वाला है। एक तरफ चुनावी रणनीतिकार प्रशांत किशोर की नई पार्टी जनसुराज मैदान में है, वहीं दूसरी तरफ आरजेडी से निष्कासित तेज प्रताप यादव भी चुनाव में उतरने के लिए पूरी ताकत झोंक रहे हैं।
क्या हैं साल 2020 और 2015 के विधानसभा चुनाव के नतीजे?
बिहार के 243 विधानसभा निर्वाचन क्षेत्रों में से एक अतरी भी है। साल 2020 के विधानसभा चुनाव में यहां से राजद के अजय यादव जीते थे। अजय यादव को कुल 62658 वोट मिले थे। दूसरे नंबर पर रहे जेडीयू की मनोरमा देवी को कुल 54727 वोट मिले थे। तीसरे नंबर पर रहे एलजेपी उम्मीदवार अरविंद कुमार सिंह को 25873 वोट मिले थे। यहां पांचवें नंबर पर NOTA रहा था, जिसे कुल 4561 वोट पड़े थे।
साल 2015 के विधानसभा चुनावों में भी राजद की कुंती देवी ने जीत हासिल की थी। तब उन्होंने लोक जनशक्ति पार्टी (LJP) के अरविंद कुमार सिंह को 13817 वोटों के मार्जिन से हराया था। तब कुंती देवी को कुल 60687 वोट मिले थे। दूसरे नंबर पर रहे अरविंद कुमार सिंह को कुल 46870 वोट मिले थे। तीसरे नंबर पर रहे जन अधिकार पार्टी (लोकतांत्रिक) के उम्मीदवार कृष्णा नंदन यादव को 9603 वोट मिले थे।
कैसा होगा साल 2025 का चुनाव?
1951 में अस्तित्व में आने के बाद से अतरी में 17 चुनाव हो चुके हैं जिनमें कांग्रेस ने 6 बार (आखिरी बार 1990 में) जीत दर्ज की। राजद ने पांच बार, निर्दलीय उम्मीदवारों ने दो बार, जबकि भारतीय जनसंघ (अब भाजपा), जनता पार्टी, जनता दल और जेडीयू ने एक-एक बार जीत हासिल की। वर्तमान में यहां राजद मजबूत स्थिति में है। 2015 और 2020 दोनों चुनावों में उसने जीत दर्ज की।
देखना ये होगा कि इस बार बिहार की जनता किस पार्टी पर अपने भरोसे की मुहर लगाती है। वैसे इस बार का चुनाव इसलिए भी दिलचस्प है क्योंकि नई सियासी पार्टी जनसुराज भी अपना भाग्य आजमा रही है।