बिहार में पूर्ण शराबबंदी लागू है, लेकिन इसके बावजूद शराब तस्कर तस्करी के लिए नए नए हथकंडे अपना रहे हैं। शराब तस्करों के हथकंडे ने पुलिस और उत्पाद विभाग की रातों की नींद उड़ा रखी है। ताजा मामला बिहार के मुजफ्फरपुर से सामने आया है जहां हरियाणा के दो नई नवेली दुल्हन और उसके पति को शराब तस्करी करना महंगा पड़ गया। मुजफ्फरपुर में उत्पाद विभाग ने एक बड़े अंतरराज्यीय शराब तस्करी गिरोह का पर्दाफाश किया है। ‘फैमिली टूर’ की आड़ में चल रहे इस नेटवर्क का भंडाफोड़ करते हुए टीम ने हरियाणा के नवविवाहित जोड़े समेत चार तस्करों को गिरफ्तार किया है। पुलिस से बचने के लिए तस्कर नई नवेली दुल्हनों की आड़ में शराब की तस्करी करते थे।
कैसे हुआ खुलासा
उत्पाद इंस्पेक्टर दीपक कुमार सिंह ने बताया कि गुप्त सूचना मिली कि हरियाणा से कार में लोड कर शराब की खेप बिहार के मुजफ्फरपुर लाई जा रही है। ऐसे में पुलिस ने दबिश करते हुए सरैया के रेवा रोड स्थित मुक्तिधाम के नजदीक तस्करों को पकड़ लिया। वहीं कार की तलासी लेने पर सीट के नीचे और डिक्की से 1642 पीस हरियाणा निर्मित शराब मिली। मौके से चार तस्करों को गिरफ्तार किया गया। इसमें दो महिला और दो पुरूष शामिल हैं। ये चारों पति पत्नी हैं। सरैया थाना क्षेत्र के रेवा रोड स्थित मुक्तिधाम के पास घेराबंदी की गई। वहीं छपरा की ओर से आ रही एक संदिग्ध कार को रोककर जब तलाशी ली गई, तो सभी चौंक गए। कार की सीटों के नीचे बने गुप्त खानों और डिक्की से हरियाणा निर्मित विदेशी शराब के 1642 पीस बरामद हुए। जांच में यह भी सामने आया कि पुलिस को चकमा देने के लिए गाड़ी पर मुंगेर का फर्जी नंबर प्लेट लगाया गया था।
फैमिली टूर बनाकर कर रहे थे तस्करी
गिरफ्तार आरोपियों में हरियाणा के रोहतक निवासी अजीत उसकी पत्नी सोनू ,दीपक और उसकी पत्नी राखी शामिल हैं। अजीत और सोनू की शादी महज दो महीने पहले हुई थी। पुलिस से बचने के लिए ये लोग खुद को परिवार के रूप में दिखाकर यात्रा करते थे। पूछताछ के बाद सभी के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर जेल भेज दिया गया।
कहां होनी थी डिलीवरी?
पूछताछ में आरोपियों ने खुलासा किया कि उन्हें मुजफ्फरपुर के चांदनी चौक पर गाड़ी छोड़नी थी, जहां से स्थानीय तस्कर शराब की खेप को आगे ले जाते। इतना ही नहीं, आरोपियों ने यह भी स्वीकार किया कि वे पहले दरभंगा में भी बड़ी मात्रा में शराब की सप्लाई कर चुके हैं। पुलिस अब इस पूरे गिरोह के स्थानीय कनेक्शन और अन्य सदस्यों की तलाश में जुटी है। तस्करी के इस नए हथकंडे के सामने आने के बाद उत्पाद विभाग अलर्ट मोड पर आ गया है। मुजफ्फरपुर बॉर्डर पर संदिग्ध गाड़ियों की निगरानी और जांच अभियान तेज कर दिया है।
(रिपोर्ट - संजीव कुमार)