
निकेश ने पिछले साल सितंबर महीने में सॉफ्टबैंक कॉर्प जॉइन किया है। निकेश ने साल 2004 में बतौर टेलिकॉम इंडस्ट्री एनालिस्ट गूगल जॉइन किया था। जापानी कंपनी में नियुक्ती के वक्त वह गूगल इंक में चीफ बिजनस ऑफिसर थे। कंपनी के चेयरमैन मासायोशी सन द्वारा 'राइजिंग स्टार' के रूप में चयनित किए जाने के बाद निकेश को मार्च 2015 तक के लिए 16.556 बिलियन येन (लगभग 135 मिलियन डॉलर यानी करीब 850.5 करोड़ रुपये) दिए गए। दुनिया के अन्य देशों की रवायत से अलग जापान में गिनेचुने अधिकारी ही हैं, जिनकी सैलरी अरबों येन में है। किसी जापानी कंपनी में एक अधिकारी को 16 अरब येन सालाना तो शायद ही दिया गया हो।
सॉफ्टबैंक में अपनी नियुक्ति के एक साल से भी कम समय में निकेश ने कंपनी के लिए 200 बिलियन येन (1.67 बिलियन डॉलर) की डील करवा दी है। इसमें इंडियन ऑनलाइन मार्केटप्लेस स्नैपडील और टैक्सी बुकिंग सर्विस ओला कैब्स में निवेश भी शामिल है। निकेश अरोड़ा ने आईआईटी बीएचयू से ग्रैजुशन करने के बाद बॉस्टन कॉलेज से फाइनैंस में मास्टर डिग्री और नॉर्थ ईस्टर्न यूनिवर्सिटी से एमबीए डिग्री ली है।