डूंगरपुर: जिले के जालुकुआं गांव में दो दिन पहले बाइक सवार की टक्कर से एक महिला की मौत के बाद शव को जिला अस्पताल के मुर्दाघर में रखकर परिजन मौताणे की मांग को लेकर बैठ गए हैं। परिजन मौताणा मिलने के बाद ही पोस्टमार्टम करवाने पर अड़े हैं।
जालकुआं निवासी 50 वर्षीय वाली के शव का शुक्रवार को भी पोस्टमार्टम नहीं हो सका। सुबह से ही मृतका के रिश्तेदार, परिजन और बलवाड़ा से पीहर पक्ष के लोग अस्पताल के मुर्दाघर के बाहर इकट्ठा हो गए। परिजन बाइक चालक को लाने और उससे बातचीत के बाद ही पोस्टमार्टम करवाने की बात को लेकर दूसरे दिन भी अड़े रहे। रामसागड़ा थाना एएसआई दशरथसिंह मय जाब्ता मुर्दाघर के बाहर तैनात रहे। पुलिस कार्रवाई का आश्वासन देती रही, लेकिन लोग अपनी बात पर अड़े रहे।
आखिरकार शुक्रवार शाम को भी आरोपी पक्ष के लोग नहीं आए और समझौते की बात शुरू नहीं हो सकी। इस कारण शव का पोस्टमार्टम भी नहीं हो सका। दोपहर बाद मृतका के परिजनों ने बिना पोस्टमार्टम करवाए ही शव को मुर्दाघर में रहने दिया और चले गए। मौके पर डीएसपी माधोसिंह सोढ़ा, थानाधिकारी रूपालाल मीणा भी पहुंचे, लेकिन लोग अपनी मांगों पर अड़े रहे।
क्या है पूरा मामला ?
बुधवार 23 दिसबंर की शाम को जालकुआं निवासी 55 वर्षीय वाली पत्नी शंकर मनात को एक बाइक सवार ने टक्कर मार दी। हादसे में वाली गंभीर रुप से घायल हो गई। उसे अस्पताल में भर्ती करवाया गया। प्राथमिक इलाज के बाद हालत गंभीर होने पर परिजन उसे हिम्मतनगर इलाज के लिए ले जा रहे थे तभी रास्ते में वाली ने दम तोड़ दिया। रात को ही शव अस्पताल के मुर्दाघर में रख दिया गया, लेकिन अब तक पोस्टमार्टम नहीं हो सका है। परिजनों की रिपोर्ट पर रामसागड़ा पुलिस ने बाइक चालक के खिलाफ केस दर्ज करवाया है।