नयी दिल्ली: चार्टर्ड एकाउंटों का शीर्ष संगठन आईसीएआई विजय माल्या समूह की कुछ कंपनियों के वित्तीय ब्यौरे की समीक्षा कर रहा है ताकि आडिटरों की भूमिका का आकलन किया जा सके। आईसीएआई ने उल्लंघन की स्थिति में कड़ी अनुशासनात्मक कार्रवाई की चेतावनी दी है। उल्लेखनीय है कि संकट में चल रहे माल्या इन दिनों 9,400 करोड़ रपये मूल्य के कर्ज में चूक :डिफाल्ट: के मामले का सामना कर रहे हैं।
इंस्टीट्यूट आफ चार्टर्ड एकाउंटेंट्स आफ इंडिया :आईसीएआई: ने उल्लंघन की स्थिति में आडिटरों के खिलाफ कड़ी अनुशासनात्मक कार्रवाई की चेतावनी देते हुए कहा है कि वह इस मुद्दे तथा अपने सदस्यों के खराब तौर तरीको को लेकर बहुत चिंतित है। आईसीएआई का वित्तीय रिपोर्टिग बोर्ड :एफआरआरबी: माल्या समूह के कुछ उद्यमियों के वित्तीय लेखा जोखे की समीक्षा कर रहा है ताकि आडिटरों के काम का आकलन किया जा सके।
आईसीएआई के अध्यक्ष एम देवराज रेड्डी ने कहा, यूबी समूह के मामले में एक अग्रसक्रिय कदम के तहत एफआरआरबी यूबी समूह की विभिन्न फर्मों के वित्तीय ब्यौरे का चयन कर रहा है जिनमें अनियमितता संबंधी रपटें मीडिया में आईं। एफआरआरबी यह आकलन करेगा कि क्या वित्तीय रिपोर्टिंग ढांचे का पूरी तरह पालन किया गया। रेड्डी ने हाल ही में अपने सदस्यों को दिये मासिक संदेश में फंसे कर्ज व जानबूझ कर्ज नहीं चुकाने वालों :विलफुल डिफाल्टरों: को लेकर चिंता जताई थी।