1. Hindi News
  2. भारत
  3. राष्ट्रीय
  4. जयललिता के करीबी चो रामास्वामी का निधन, मोदी को कहा था 'मौत का सौदागर'

जयललिता के करीबी चो रामास्वामी का निधन, मोदी को कहा था 'मौत का सौदागर'

 Written By: IANS
 Published : Dec 07, 2016 05:59 pm IST,  Updated : Dec 07, 2016 06:09 pm IST

चेन्नई: पत्रकार, राजनीतिक विश्लेषक, अभिनेता चो रामास्वामी का बुधवार को चेन्नई के अपोलो अस्पताल में निधन हो गया। वह 82 वर्ष के थे। राज्यसभा के पूर्व सांसद रामास्वामी कुछ समय से बीमार चल रहे थे

ramaswamy- India TV Hindi
ramaswamy

चेन्नई: पत्रकार, राजनीतिक विश्लेषक, अभिनेता चो रामास्वामी का बुधवार को चेन्नई के अपोलो अस्पताल में निधन हो गया। वह 82 वर्ष के थे। राज्यसभा के पूर्व सांसद रामास्वामी कुछ समय से बीमार चल रहे थे और अस्पताल में भर्ती थे। उन्होंने बुधवार को सुबह चार बजे अंतिम सांस ली। उनके पार्थिव शरीर को यहां स्थित उनके घर में लाया गया है।

(देश-विदेश की बड़ी खबरें पढ़ने के लिए क्लिक करें)

रामास्वामी राजनीतिक पत्रिका 'तुगलक' के संस्थापक व संपादक थे और बेबाकी से राज्य व केंद्र सरकार की आलोचना किया करते थे। रामास्वामी के देश के कई राजनेताओं के साथ घनिष्ठ संबंध थे। तमिलनाडु की दिवंगत मुख्यमंत्री और एआईएडीएमके महासचिव जे. जयललिता उनकी अच्छी मित्र थीं।

मोदी को कहा था मौत का सौदागर

चो रामास्वामी ने नरेंद्र मोदी को चेन्नई में आयोजित एक कार्यक्रम में मौत का सौदगर कहा था। अपने को मौत का सौदागर कहे जाने पर मोदी नाराज़ नहीं हो रहे थे बल्कि ठहाके लगा रहे थे। ये बात है जनवरी 2008 की, जब 2007 के दिसंबर में हुए गुजरात विधानसभा चुनावों को खत्म अभी एक महीना ही बीता था। और ख़ास बात ये है कि उस घटना के करीब 9 साल बाद चो रामास्वामी की मृत्यु होने पर खुद पीएम मोदी ने उन्हें श्रद्धांजलि देते हुए मौत का सौदागर वाला वो वीडियो खुद रीलिज किया है।

बहुआयामी शख्सियत के मालिक रामास्वामी नाटकों का लेखन और उनमें अभिनय भी करते थे। उन्होंने कई फिल्मों का निर्देशन और पटकथा लेखन भी किया था। रामास्वामी ने एम.जी. रामाचंद्रन, शिवाजी गणेशन, जयललिता, कमल हासन, रजनीकांत जैसे दिग्गज कलाकारों के साथ फिल्मों में भी अभिनय किया था। वह बी.आर.सी. क्रिकेट क्लब के सदस्य थे। रामास्वामी ने 1957-63 के बीच मद्रास उच्च न्यायालय में वकालत भी की थी। वह 1978 तक टी.टी.के. एंड कंपनी के कानूनी सलाहकार भी थे।

रामास्वामी ने 20 से भी अधिक तमिल नाटकों का लेखन, निर्देशन और उनमें अभिनय किया था, जिनका 5,000 से भी ज्यादा बार मंचन किया गया था। उन्होंने 14 फिल्मों की पटकथा लिखी थी और चार फिल्मों का निर्देशन किया था। उन्होंने छोटे पर्दे के लिए भी तमिल भाषा में कई धारावाहिकों का लेखन, निर्देशन और साथ ही उनमें अभिनय भी किया था।

Advertisement

India TV हिंदी न्यूज़ के साथ रहें हर दिन अपडेट, पाएं देश और दुनिया की हर बड़ी खबर। National से जुड़ी लेटेस्ट खबरों के लिए अभी विज़िट करें भारत