नई दिल्ली: आमतौर पर भारत में पुलिस खाकी वर्दी ही पहनती है, लेकिन आपको जानकर हैरानी होगी कि भारत का एक राज्य ऐसा भी है जहां पुलिस एक नहीं दो कलर की यूनीफॉर्म पहनती है। आखिर ऐसा क्यों होता है यह हम आपको अपनी खबर में विस्तार से बताएंगे।
दरअसल पश्चिम बंगाल में दो तरह की पुलिस काम करती है और दोनों अलग अलग रंग की यूनीफॉर्म पहनती हैं। कोलकाता पुलिस सफेद रंग की यूनीफॉर्म पहनती है जबकि पश्चिम बंगाल पुलिस खाकी वर्दी में नजर आती है। इन दोनों तरह की पुलिस को अलग-अलग तरह की जिम्मेदारी दी गई है। कोलकाता पुलिस को यह जिम्मेवारी दी गई है कि वो कोलकाता के महानगरीय क्षेत्र में अपनी सेवाएं देगी जबकि पश्चिम बंगाल पुलिस के पास राज्य के बाकी हिस्सों की जिम्मेदारी है। इस तरह की पुलिस व्यवस्था की नींव कालोनियल युग के दौरान डाली गई थी।
ब्रिटिश ईस्ट इंडिया कंपनी ने पुलिस की इस तरह की व्यवस्था अपने हितों की रक्षा करने के लिए की थी। उस दौर में कोलकाता को कलकत्ता कहा जाता था। कोलकाता में पुलिस व्यवस्था कलकत्ता के शुरुआती दिनों में मुगल प्रशासन और उनके प्रतिनिधियों तक ही सीमित थी। साल 1720 में ईस्ट इंडिया कंपनी ने दीवानी (सिविल) और आपराधिक प्रशासन के लिए ऑफिसर की नियुक्ति की। इनकी मदद वो भारतीय पदाधिकारी करते थे जिन्हें ब्लैक डिप्टी और ब्लैक जमीदार कहा जाता था। इनके अंतर्गत तीन नायब दीवान भी काम किया करते थे जिनमें से एक पुलिस का मुखिया हुआ करता था। उस दौर में थाने का इंचार्ज थानेदार हुआ करता था।
साल 1985 में जे एच पैटन के नेतृत्व में एक समिति का गठन किया गया, जिसने पुलिस व्यवस्था में बड़े बदलाव किए। उस दौर में कमिश्नर ऑफ पुलिस की भी व्यवस्था की गई। 19वीं शताब्दी के मध्य में कोलकाता की पुलिस में संस्थागत और व्यवस्थागत बदलाव किए गए। ब्रिटिश कानून के तहत आने वाली पुलिस औपनिवेशिक प्रशासन के सहायक को तौर पर काम करती थी, इसलिए सभी नियम कायदे जिसमे ड्रेस कोड भी शामिल है, ब्रिटिश नियम कायदों का ही पालन किया करते थे। वहीं पश्चिम बंगाल पुलिस भारतीय राज्य पश्चिम बंगाल में दूसरे तरह की पुलिस थी।
पश्चिम बंगाल पुलिस का गठन ब्रिटिश राज के अधीन पुलिस कानून 1861 के तहत किया गया था। इस पुलिस का संचालन वह पुलिस महानिदेशक स्तर का अधिकारी करता था जो गृह मंत्रालय के जरिए राज्य सरकार को रिपोर्ट करता था। इस तरह से इतिहास के मुताबिक कोलकाता पुलिस और पश्चिम बंगाल पुलिस दो अलग अलग इकाईयां हैं। इसलिए इन दोनों की अपनी अलग पहचान और ड्रेस कोड है।