हैदराबाद: माइक्रोसॉफ्ट एक्सेलरेटर और स्टार्ट-अप का विकास करने के लिए टी-हब के साथ मिलकर काम करना चाहेगी। यह बात यहां कंपनी के मुख्य कार्यकारी अधिकारी सत्या नडेला ने सोमवार को कही। नडेला ने देश के सबसे बड़े प्रौद्योगिकी इन्क्यूबेटर माने जाने वाले टी-हब प्रांगण में यह बात कही। उन्होंने उभरते उद्यमियों को संबोधित करते हुए कहा, "इस क्षेत्र में भारतीय प्रतिभा तेजी से उभर रही है और हम उसका प्रभुत्व देख रहे हैं।"
आईआईआईटी परिसर में है टी-हब
टी-हब अंतर्राष्ट्रीय सूचना प्रौद्योगिकी संस्थान (आईआईआईटी) परिसर में स्थित है। नडेला अपने पारिवारिक कार्यक्रम में हिस्सा लेने के लिए हैदराबाद आए हैं। नडेला ने कहा कि माइक्रोसॉफ्ट का लक्ष्य और स्वप्न है स्थानीय उद्यमियों को मजबूत करना, ताकि आखिरी व्यक्ति तक पहुंचा जा सके। उन्होंने कहा कि दुनिया भर के उद्यमों से बात करने से उन्हें ऊर्जा मिलती है।
नडेला ने दिए सफलता के तीन सूत्र - सोच, क्षमता और संस्कृति
नडेला ने कहा, "सफलता के तीन सूत्र हैं - सोच, क्षमता और संस्कृति। पहले ही दिन से अधिकाधिक सीखना शुरू कीजिए, अपने सपने या अपनी सोच पर काम कीजिए, अपनी सोच पर काम करने के लिए अपनी क्षमता बढ़ाइए और अच्छी संस्कृति अपनाइए।"
असफलता से लेनी चाहिए सीख
एक सवाल के जवाब में उन्होंने कहा कि असफलता का महत्व इस बात में है कि आप उससे कितना सीखते हैं। टी-हब का दौरा उन्होंने तेलंगाना के सूचना और प्रौद्योगिकी मंत्री के.टी. रामा राव (केटीआर) के साथ की। इस दौरान केटीआर ने उन्हें सरकार के विभिन्न कार्यक्रमों की जानकारी दी। इससे पहले सुबह नडेला आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री एन. चंद्रबाबू नायडू से भी मिले थे।