नई दिल्ली: मोदी सरकार आज OROP से जुड़े मुद्दे पर बड़ा ऐलान कर सकती है। सूत्रों के हवाले से खबर है कि आज दोपहर 3 बजे वन रैंक वन पेंशन की घोषणा हो सकती है। इसी के चलते रक्षा मंत्री मनोहर पार्ररिकर का हैदराबाद दौरा भी रद्द हो गया है। मसौदे का ज्यादातर पूर्व सैनिकों ने स्वागत किया है।
सरकार ने पूर्व सैनिकों की ज्यादातर मांगे मान ली हैं।
सूत्रों के मुताबिक 2013 OROP का बेस ईयर होगा। पहली बार 3 साल में पेंशन का रीविज़न होगा। इसके बाद हर 5 साल में पेंशन का रीविज़न होगा। VRS लेने वाले फौजियों को वन रैंक, वन पेंशन का लाभ नहीं मिलेगा लेकिन शहीदों की विधवाएं वन रैंक वन पेंशन के दायरे में आएंगी। OROP के ड्राफ्ट में पेंशन के तय करने का फॉर्मूला भी साफ बताया गया है कि एक रैंक और बराबर सर्विस पीरियड वाले सैनिकों के अधिकतम और न्यूनतम पेंशन के औसत के आधार पर पेंशन को तय किया जाएगाय। पेंशन के एरियर का भुगतान चार किश्तों में किया जाएगा लेकिन शहीद की विधवाओं को पूरा एरियर एक साथ मिलेगा। सिर्फ एरियर का भुगतान करने में सरकारी खजाने पर करीब बारह हजार करोड़ रुपए का बोझ पड़ेगा।
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