अहमदाबाद: गुजरात के आदिवासी क्षेत्र के बनासकांठा जिले में पिछले 20 दिनों में एक रहस्यमय बीमारी से 6 आदिवासी बच्चें मौत के मुंह में समा चुके हैं। इन बच्चों की उम्र 2 साल से 11 साल के बीच बताई जा रही है। खबरों के मुताबिक, इन बच्चों को गले में संक्रमण के साथ तेज बुखार और बेहोशी की शिकायत थी। सभी बच्चे अमीरगढ़ तहसील के गंगु और खुनिया गांव के रहनेवाले थे। डॉक्टरों को बीमारी का पता नहीं चला है।
बनासकांठा जिले के डीएम जेनू देवान ने बताया, ‘अब तक 6 बच्चे रहस्यमय बीमारी से मर चुके हैं। जांच के लिए हमने कई अस्पतालों में प्रभावित बच्चों के गले का नमूना भेज दिया है और नतीजा आने का इंतजार कर रहे हैं।’ उन्होंने आगे कहा कि स्वास्थ्य राज्यमंत्री शंकर चौधरी ने शुक्रवार को प्रभावित गांवों का दौरा किया था। इसके अलावा कुछ स्पेशलिस्ट डॉक्टरों का एक ग्रुप जिले में डेरा डाले हुए है और बीमारी की पहचान की कोशिश में लगे हैं।
जिला महामारी चिकित्सा अधिकारी एन. के. गर्ग ने बताया कि पालनपुर सिविल अस्पताल से आए बाल रोग विशेषज्ञों के दल ने गांव का दौरा किया है और खून के नमूने भी लिए हैं। डॉक्टरों को शक है कि यह सांस के किसी तगड़े इंफेक्शन का मामला हो सकता है। वहीं, गांव के लोग इस बीमारी को गला घोंटू कह रहे हैं। गर्ग ने बताया कि जिला प्रशासन ने आसपास के गांवों में भी इस बीमारी के लिए चेतावनी जारी कर दी है। मेडिकल ऑफिसर के नेतृत्व में 5 दल प्रत्येक प्रभावित गांव और उसके आसपास के इलाकों का सर्वे कर रहे हैं।