नई दिल्ली: पूर्व केंद्रीय मंत्री पी चिदंबरम के पुत्र से जुड़े कथित भ्रष्टाचार के मामले में अन्नाद्रमुक ने आज संसद के दोनों सदनों में भारी हंगामा किया जिसके चलते लोकसभा की कार्यवाही 3 बार के स्थगन और राज्यसभा की कार्यवाही 6 बार के स्थगन के बाद समय से पहले पूरे दिन के लिए स्थगित कर दी गई। अन्नाद्रमुक सदस्यों ने पूर्व वित्त मंत्री के बेटे कार्ति के खिलाफ एयरसेल मैक्सिस सौदे में भ्रष्टाचार के जरिए करोड़ों डालर कमाने का आरोप लगाते हुए इस मामले में संसद में प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के बयान की मांग की।
सरकार ने हालांकि अन्नाद्रमुक के इन आरोपों से पूरी तरह इंकार किया कि वह किसी को बचा रही है। लोकसभा में संसदीय मामलों के राज्य मंत्री राजीव प्रताप रूडी ने अन्नाद्रमुक द्वारा सरकार पर लगाए गए आरोपों को खारिज करते हुए कहा कि अगर अन्नाद्रमुक सदस्य उचित नियम के तहत प्रस्ताव दें तो सरकार इस मुद्दे पर सदन में चर्चा कराने को तैयार है। उन्होंने साथ ही कहा कि यह मामला उच्चतम न्यायालय के विचाराधीन है और जांच जारी है।
उन्होंने साथ ही कहा कि सरकार किसी को नहीं बचा रही है और कोई कानून से ऊपर नहीं है। उन्होंने इन आरोपों को गलत बताया कि राजग सरकार को मामले की जानकारी नहीं है या वह कोई कार्रवाई नहीं कर रही है। इससे पूर्व अन्नाद्रमुक के वरिष्ठ सदस्य पी वेणुगोपाल ने यह मामला उठाते हुए आरोप लगाया कि पूर्व वित्त मंत्री के बेटे ने इस करार में भ्रष्टाचार के जरिए करोड़ों रूपये कमाए हैं। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री को सदन में आकर इस पर बयान देना चाहिए।
अध्यक्ष सुमित्रा महाजन ने अन्नाद्रमुक सदस्यों की नारेबाजी पर पर नाराजगी जाहिर करते हुए कहा कि आप अपनी बात रखने के बाद भी नारेबाजी करेंगे तो यह उचित नहीं है। हंगामा थमते नहीं देख उन्होंने करीब पौने तीन बजे कार्यवाही दिनभर के लिए स्थगित कर दी।