विशाखापट्टनम/नयी दिल्ली: विरोधी दलों के नेताओं पर निशाना साधते हुए केंद्रीय मंत्री एम वेंकैया नायडू ने सवाल किया कि जेएनयू का दौरा कर रहे नेता क्या संसद हमले के दोषी अफजल गुरू के समर्थकों को नैतिक समर्थन मुहैया करा रहे हैं।
शहरी विकास मंत्री ने कहा, जेएनयू का दौरा कर रहे नेता क्या संसद हमले के दोषी अफजल गुरू के समर्थकों को भारत के विभाजन के लिए नैतिक समर्थन दे रहे हैं। वे विश्वविद्यालयों में जहर घोल रहे हैं। बेंगलुरू में भारतीय विग्यान संस्थान आईआईएससी:, नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ ऐडवांस स्टडीज, भारतीय सांख्यिकी संस्थान तथा कुछ दूसरे संस्थानों के करीब 100 शोधार्थियों ने जेएनयू के प्रतिएकजुटता प्रकट हुए प्रदर्शन किया और पुलिस कार्रवाई पर सवाल किया।
जेएनयू में अध्ययन कर रहे विदेशी छात्रों के एक धड़े और राष्ट्रीय राजधानी में रहने वाले दूसरे विदेशी नागरिकों ने भी विवाद को लेकर जेएनयू के प्रति एकजुटता प्रकट की। स्वराज अभियान के नेता योगेंद्र यादव ने जेएनयू परिसर में पुलिस की कार्रवाई को भारत की अवधारणा पर हमला करार दिया और आरोप लगाया कि विश्वविद्यालयों के आदर्शों के मूल पर हमला करने के लिए छात्र नेता कन्हैया कुमार प्रकरण को रचा गया था। वरिष्ठ पत्रकार पी साईनाथ ने कहा, यह बहुत मुश्किल समय है। यह आपातकाल के समय की याद दिलाता है।