1. Hindi News
  2. भारत
  3. राजनीति
  4. चुनाव चिह्न साइकिल बचाने के लिए दिल्ली में जुटने लगे मुलायम के वफ़ादार

चुनाव चिह्न साइकिल बचाने के लिए दिल्ली में जुटने लगे मुलायम के वफ़ादार

 Written By: Bhasha
 Published : Jan 02, 2017 01:31 pm IST,  Updated : Jan 02, 2017 01:31 pm IST

नयी दिल्ली: समाजवादी पार्टी का नियंत्रण अपने हाथों मे लेने की उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री अखिलेश यादव की कोशिश की पृष्ठभूमि में पार्टी अध्यक्ष मुलायम सिंह यादव के वफादार यह सुनिश्चित करने के लिए आज

mulayam-shivpal-amar-singh- India TV Hindi
mulayam-shivpal-amar-singh

नयी दिल्ली: समाजवादी पार्टी का नियंत्रण अपने हाथों मे लेने की उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री अखिलेश यादव की कोशिश की पृष्ठभूमि में पार्टी अध्यक्ष मुलायम सिंह यादव के वफादार यह सुनिश्चित करने के लिए आज सुबह राष्ट्रीय राजधानी में एकत्र होना शुरू हुए ताकि साइकिल चुनाव चिह्न मुलायम सिंह यादव के पास ही रहे। 

अखिलेश के खेमे द्वारा पार्टी से निष्कासित किए गए शिवपाल सिंह यादव और अमर सिंह यह सुनिश्चित करने की रणनीति बनाने के लिए दिल्ली पहुंचे कि राज्य में विधानसभा चुनाव से पहले साइकिल चुनाव चिह्न मुलायम के पास ही रहे। राज्य में चुनाव की घोषणा कभी भी हो सकती है। 

अमर सिंह ने लंदन से लौटने के बाद संवाददाताओं से कहा, मैं मुलायम सिंह यादव के साथ था और रहूंगा। मैं एक नायक था लेकिन उनके लिए मैं अब खलनायक बनने को तैयार हूं। अखिलेश खेमे द्वारा पार्टी से निकाले जाने के बारे में पूछे जाने पर अमर ने कहा कि वह तभी दु:खी होंगे, जब मुलायम उनके खिलाफ कुछ कहेंगे। 

अमर ने कहा, एक बार मुलायम सिंह यादव ने कहा था कि अमर सिंह हमारे दल में नहीं लेकिन दिल में है। यदि मुलायम सिंह यादव मुझे अपने दिल से निकाल देते हैं तो यह दु:खदायी होगा। मेरे लिए पार्टी महत्वपूर्ण नहीं है। उन्होंने कुछ नेताओं पर निशाना साधते हुए कहा, मैंने हाथ जोड़कर राज्यसभा में सीट देने का अनुरोध करने वाले अन्य नेताओं की तरह पार्टी से कभी राज्यसभा सीट नहीं मांगी। 

इस बीच शिवपाल ने कहा कि वह मुलायम के साथ बने रहेंगे। शिवपाल को भी अखिलेश खेमे ने सपा की उत्तर प्रदेश इकाई के प्रमुख पद से हटा दिया है। उन्होंने दिल्ली पहुंचने पर कहा, मैं आखिरी सांस तक मुलायम के साथ रहूंगा। 

अमर एवं शिवपाल मुलायम एवं कुछ अन्य नेताओं के साथ अपराह्न में बैठक करेंगे जिसके बाद वे यह सुनिश्चित करने के लिए निर्वाचन आयोग के पास जाएंगे कि साइकिल चुनाव चिह्न मुलायम सिंह के पास ही रहे और न तो इस चिह्न पर रोक लग पाए और न ही उसे अखिलेश खेमे को दिया जाए। 

Advertisement

India TV हिंदी न्यूज़ के साथ रहें हर दिन अपडेट, पाएं देश और दुनिया की हर बड़ी खबर। Politics से जुड़ी लेटेस्ट खबरों के लिए अभी विज़िट करें भारत