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सीएम धामी की सख्ती के बाद मौलाना मुफ़्ती मुजीब पर लटकी गिरफ्तारी की तलवार, सरकार को दी थी धमकी

 Written By: Mangal Yadav
 Published : Aug 29, 2026 01:11 pm IST,  Updated : Aug 29, 2026 01:23 pm IST

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने अपने सख्त लहजे में मौलाना मुफ़्ती मुजीब को चेतावनी देते हुए कहा कि यह देवभूमि है यहां इस तरह की भाषा बर्दाश्त नहीं की जाएगी उन्होंने सख्त लहजे में कहा हम कानूनी कार्रवाई भी करेंगे और उन्हें सबक भी सिखाएंगे l

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी - India TV Hindi
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी। फाइल Image Source : PTI

उत्तराखंड में भड़काऊ भाषण देने वाले मौलाना की मुसीबत बढ़ गई है। पुलिस के डर से मुफ़्ती मुजीब भागा भागा फिर रहा है। मुफ़्ती मुजीब ने रुद्रपुर में तकरीर के दौरान सरकार को सीधी चुनौती दी थी। अवैध मदरसों पर धामी सरकार के एक्शन से भड़का मौलाना धमकी दे रहा था। उसने कहा था कि अगर मदरसों को बंद किया तो मुसलमान वो हाल कर देगा जो कभी नहीं हुआ। मौलाना की भड़काऊ तकरीर पर लोग तालियां बजा रहे थे। बारावफ़ात के मौके पर 26 अगस्त को मुफ़्ती मुजीब ने ये भडकाऊ तकरीर की थी। 

सीएम धामी बोले- उत्तराखंड में नफ़रत की कोई जगह नहीं 

 
मौलाना मुफ़्ती मुजीब के भड़काऊ भाषण बयान पर कड़ी प्रतिक्रिया दी है। सीएम पुष्कर सिंह धामी ने कहा है कि सामाजिक ताने बाने को बिगाड़ने नहीं दिया जाएगा। ऐसे मौलानाओं के खिलाफ सख़्त एक्शन लिया जाएगा। पुलिस उस मौलाना को गिरफ़्तार कर करके सख़्त कार्रवाई करेगी। उन्होंने कहा कि उत्तराखंड में नफ़रत की कोई जगह नहीं है। ऐसी तकरीरें बर्दाश्त नहीं की जाएंगी। 

सीएम धामी ने कहा कि मौलाना भारत के संविधान को नहीं मानते हैं और इसी प्रकार से धमकी देने का काम करते हैं। वो ज़माना चला गया जब लोग धमकी पर आते थे और इनके वोटों के चक्कर में तुष्टिकरण करते थे। इनके क़ब्ज़ों के सहन करते थे। इनके डेमोग्राफ़िक बदलाव पर कुछ नहीं बोलते थे। अब सरकार बदल गई है। कानून का राज स्थापित हुआ है। संवैधानिक जो हमारी मान्यताएं हैं। संविधान ने जो प्रावधान किया है, उसके अनुरूप काम होता है। जिन्होंने इस प्रकार का बयान दिया है, उनको प्रशासन ढूंढने का काम करेगा। वहीं, सीएम धामी ने कल कहा था कि सेना में 4 साल सेवाएं देने के बाद घर वापसी करने वाले अग्निवीरों के लिए अलग रोजगार सेल बनाने वाला उत्तराखंड देश का पहला राज्य बन गया है

रुद्रपुर के मेयर ने मौलाना को दी चेतावनी

वहीं, रुद्रपुर के मेयर ने मौलाना को सीधी चेतावनी दी है। मेयर विकास शर्मा ने कहा है कि ऐसे मौलानाओं का नट-बोल्ट कस दिया जाएगा। धामी सरकार नट-बोल्ट कसना जानती है। मौलाना का बयान इस देवभूमि में स्वीकार नहीं किया जाएगा। वहीं, रुद्रपुर के सीओ ने कहा कि बारावफ़ात के जुलूस के दौरान त्रिशूल चौक पर एक मुफ़्ती द्वारा अनर्गल बयान दिए गए और साथ में सामाजिक सौहार्द ख़राब करने की कोशिश की गई। इस संबंध में वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक महोदय के निर्देशन में तुरंत इसमें संज्ञान लिया गया और इसमें इन मुफ़्ती के ख़िलाफ़ मुक़दमा पंजीकृत किया गया है। मामले की जांच जारी है।

मौलाना ने दी सफाई

वहीं, रुद्रपुर में बारावफात जुलूस के दौरान त्रिशूल चौक पर दिए गए कथित विवादित बयान के मामले में अब मुफ्ती मुजीब की सफाई सामने आई है। मुफ्ती मुजीब ने अपने बयान में कहा है कि उनके बयान को गलत तरीके से पेश किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि उनका मकसद सरकार को चेतावनी देना नहीं, बल्कि अपनी बात को अनुरोध के तौर पर रखना था। 

रिपोर्ट- नाहिद खान

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