भारत में इलेक्ट्रिक वाहनों की डिमांड लगातार बढ़ती जा रही है। देश में वित्त वर्ष 2025-26 के दौरान इलेक्ट्रिक गाड़ियों की खुदरा बिक्री 24.6 प्रतिशत बढ़कर 24.52 लाख यूनिट हो गई। फेडरेशन ऑफ ऑटोमोबाइल डीलर्स एसोसिएशन (FADA) ने मंगलवार को ये जानकारी दी। खुदरा वाहन उद्योग के संगठन फाडा के अनुसार, वित्त वर्ष 2025-26 के दौरान टू-व्हीलर्स, थ्री-व्हीलर्स, पैंसेजर कार और कमर्शियल व्हीकल्स सभी कैटेगरी में मजबूत डबल डिजिट की बढ़ोतरी दर्ज की गई।
पैसेंजर कार की बिक्री में 83.63 प्रतिशत की तेज बढ़ोतरी
वित्त वर्ष 2025-26 में इलेक्ट्रिक टू-व्हीलर्स की बिक्री 14 लाख यूनिट्स को पार कर गई, जबकि इलेक्ट्रिक पैसेंजर कार की बिक्री लगभग 2 लाख यूनिट्स के करीब पहुंची। पिछले वित्त वर्ष में इलेक्ट्रिक पैसेंजर कार की बिक्री में 83.63 प्रतिशत की तेज बढ़ोतरी दर्ज की गई। फाडा के अध्यक्ष सी. एस. विग्नेश्वर ने कहा कि वित्त वर्ष 2025-26 भारत के इलेक्ट्रिक व्हीकल सेक्टर के लिए एक महत्वपूर्ण साल रहा है, जिसमें कुल बिक्री लगभग 24.52 लाख यूनिट्स तक पहुंच गई।
टाटा मोटर्स ने बेची सबसे ज्यादा इलेक्ट्रिक कार
वित्त वर्ष 2025-26 में कुल 1,99,923 इलेक्ट्रिक पैसेंजर कारों की बिक्री हुई, जो वित्त वर्ष 2024-25 में 1,08,873 यूनिट थी। इस सेगमेंट में टाटा मोटर्स ने सबसे ज्यादा 78,811 गाड़ियों की बिक्री के साथ सबसे ऊपर पहले स्थान पर रही। टाटा मोटर्स के बाद दूसरे स्थान पर जेएसडब्ल्यू एमजी मोटर इंडिया और तीसरे स्थान पर महिंद्रा एंड महिंद्रा रही। मौजूदा समय में, टाटा मोटर्स के पास इलेक्ट्रिक पैसेंजर कार का सबसे बड़ा पोर्टफोलियो है।
इलेक्ट्रिक कमर्शियल व्हीकल्स की बिक्री में 120.57 प्रतिशत की बढ़ोतरी
इलेक्ट्रिक टू-व्हीलर्स की बिक्री 21.81 प्रतिशत बढ़कर 14,01,818 यूनिट हो गई। इस सेगमेंट में टीवीएस मोटर कंपनी पहले स्थान पर रही, जबकि बजाज ऑटो और एथर एनर्जी क्रमशः दूसरे और तीसरे स्थान पर रहे। इलेक्ट्रिक थ्री-व्हीलर की बिक्री 18.97 प्रतिशत बढ़कर 8,30,819 यूनिट हो गई। वहीं, इलेक्ट्रिक कमर्शियल व्हीकल्स की बिक्री में 120.57 प्रतिशत की तेज बढ़ोतरी दर्ज की गई और ये 19,454 यूनिट्स पर पहुंच गई। फाडा के अनुसार, ये बढ़ोतरी दिखाती है कि भारत में इलेक्ट्रिक गाड़ियों की दिशा में बदलाव तेजी से आगे बढ़ रहा है और देश ऊर्जा बदलाव में मजबूत भूमिका निभा रहा है।