नई दिल्ली। भारत सरकार के श्रम मंत्रालय ने अपनी राष्ट्रीय करियर सेवा (एनसीएस) योजना को और विस्तार देने तथा इसे और अधिक व्यापक बनाने के लिए उबर, मोनस्टर, क्विकर, टेकमहिंद्रा, बाबाजॅब्स सहित अन्य तमाम कंपनियों के साथ समझौता किया है। सरकार ने दिसंबर में एनसीएस पोर्टल लॉन्च किया था, जिसके जरिये रोजगार सेवा और करियर काउंसलिंग की सुविधा उपलब्ध कराई जाती है। मंत्रालय का दावा है कि इस पोर्टल के जरिये 52 इंडस्ट्री सेक्टर और 3700 रोजगार विकल्पों के संबंध में यहां जानकारी उपलब्ध कराई जा रही है।
मंत्रालय ने इन स्टार्टअप्स व रोजगार पोर्टलों के साथ आठ सहमति पत्रों (एमओयू) पर हस्ताक्षर किए हैं। प्रधान श्रम व रोजगार सलाहकार तथा महानिदेशक (रोजगार) पीपी मित्रा ने इन सहमति पत्रों पर हस्ताक्षर किए हैं। इस परियोजना के तहत आम लोगों को रोजगार सेवाएं देने के लिए सूचना व संचार प्रौद्योगिकी आधारित प्लेटफॉर्म-एनसीएस डॉट जीओवी डॉट इन- पिछले साल शुरू किया गया था। मंत्रालय ने इस परियोजना का क्षेत्र व दायरा बढ़ाने के लिए उबर, मोनस्टर, क्विकर, टेकमहिंद्रा, बाबाजॉब्स, आईएसएफ, बजमेटिक वेंचर्स तथा गोल्डफिश के साथ समझौता किया है।
क्या है एनसीएस
नेशनल करियर सर्विस (एनसीएस) पोर्टल को यूजर एक करियर सेंटर के तौर पर उपयोग करते हैं। वे इस प्लेटफॉर्म के जरिये एक करियर काउंसल, स्किल प्रोवाइडर्स या लोकल हेल्प हासिल कर सकते हैं। इस पोर्टल पर जॉब खोजने वाले, जॉब देने वाले, लोकल सर्विसेस, हाउसहोल्ड यूजर्स, स्किल प्रोवाइडर्स, काउंसलर, प्लेसमेंट ऑर्गेनाइजेशन या सरकारी डिपार्टमेंट अपना रजिस्ट्रेशन करवा सकते हैं। यहां रजिस्ट्रेशन के लिए आधार कार्ड, ड्राइविंग लाइसेंस, पैन कार्ड, वोटर आईडी, पासपोर्ट या नरेगा जॉब कार्ड इनमें से किसी एक को पहचान प्रमाण पत्र के रूप में प्रस्तुत करना होता है।