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अब आने वाला है कोविड-19 बूस्टर टीका, इस दवा कंपनी ने मोदी सरकार से की यह बड़ी मांग

दवा निर्माता कंपनी सिप्ला ने सरकार से कहा कि भारत में कोविड-19 बूस्टर टीका लाने के लिए वह मॉडर्ना को एक अरब डॉलर अग्रिम राशि भुगतान का वादा करने के करीब है।

India TV Paisa Desk Edited by: India TV Paisa Desk
Published on: May 31, 2021 22:26 IST
अब आने वाला है कोविड-19 बूस्टर टीका, इस दवा कंपनी ने मोदी सरकार से की यह बड़ी मांग- India TV Hindi News
Photo:PIXABAY

अब आने वाला है कोविड-19 बूस्टर टीका, इस दवा कंपनी ने मोदी सरकार से की यह बड़ी मांग

नई दिल्ली: दवा निर्माता कंपनी सिप्ला ने सरकार से कहा कि भारत में कोविड-19 बूस्टर टीका लाने के लिए वह मॉडर्ना को एक अरब डॉलर अग्रिम राशि भुगतान का वादा करने के करीब है। सिप्ला ने मॉडर्ना के साथ जल्द से जल्द आपूर्ति समझौता करने को लेकर सरकार से किसी नुकसान की स्थिति में क्षतिपूर्ति की शर्त से छूट, कीमत सीमा, स्थानीय क्लिनिकल परीक्षण से राहत का आश्वासन मांगा है। सूत्रों ने इसकी जानकारी दी है। सूत्रों ने बताया कि सिप्ला ने सरकार से कहा कि मॉडर्ना का बूस्टर टीका भारत के कोविड-19 के खिलाफ अभियान को मजबूत करेगा, निजी कंपनियों के साथ भागीदारी समय की जरूरत है।

भारत बायोटेक ने कहा- टीका बनने से लेकर लगाने में चार माह का समय लगता है

कोविड-19 का टीका ‘कोवैक्सीन’ को बनाने से लेकर उसकी आपूर्ति करने में चार माह का समय लग जाता है। यह सब प्रौद्योगिकी और नियामकीय मंजूरियों पर निर्भर करता है। भारत बायोटेक ने यह कहा। कावैक्सीन बनाने वाली कंपनी की जारी प्रेस विज्ञप्ति में कहा गया है, ‘‘कोवैक्सीन के बैच बनाने, उनका परीक्षण करने और उन्हें गंतव्य के लिये जारी करने में करीब 120 दिन का समय लग जाता है। इसमें प्रौद्योगिकी ढांचे और नियामकीय दिशानिर्देशों का अनुपालन भी देखना होता है।’’ 

इसमें कहा गया है, ‘‘इस लिहाज से इस साल मार्च में कोवैक्सीन की जिस खेप का उत्पादन किया गया वह जून के महीने में ही आपूर्ति के लिये तैयार होगी।’’ भारत बायोटेक की ओर से यह स्पष्टीकरण ऐसे समय आया है जब देश में कोविड-19 टीके की भारी कमी महसूस की जा रही है। इससे राष्ट्रव्यापी टीकाकरण अभियान में भी बाधा उत्पन्न हो रही है। कंपनी ने कहा है कि कोवैक्सीन को उत्पादन से लेकर उसके टीकाकरण के लिये उपलब्ध होने में चार माह का समय लग जाता है। 

‘‘विनिर्माण, परीक्षण, जारी करने और टीका का वितरण एक जटिल और विविध चरणों की प्रक्रिया है जिसमें सैकड़ों चरण होते हैं और विभिन्न प्रकारण के मानव संसाधनों की इसमें जरूरत पड़ती है।’’ भारत बायोटेक ने कहा कि टीके का उत्पादन बढ़ाने एक कदम दर कदम आगे बढ़ने वाली प्रक्रिया है। इसमें कई तरह के नियामकीय और गुणवत्ता परक विनिर्माण व्यवहार की मानक परिचालन प्रक्रियायें शामिल हैं। 

कंपनी ने कहा कि राज्य और केन्द्र सरकार को भेजी जाने वाली टीके के खेप केन्द्र सरकार से प्राप्त आवंटन व्यवस्था पर आधारित है। भारत बायोटेक के कारखाने से राज्य और केन्द्र सरकार के डिपो में टीका खेप पहुंचने का समय करीब दो दिन है। इसके बाद राज्यों से जिलों तक इसे पहुंचाने में कुछ और दिन लग जाते हैं।

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