1. Hindi News
  2. पैसा
  3. बिज़नेस
  4. ग्रीनलैंड पर कंट्रोल पाने की जिद में ट्रंप ने 8 यूरोपीय देशों पर लगाया टैरिफ, पूरे यूरोप में भारी आक्रोश

ग्रीनलैंड पर कंट्रोल पाने की जिद में ट्रंप ने 8 यूरोपीय देशों पर लगाया टैरिफ, पूरे यूरोप में भारी आक्रोश

 Edited By: Sunil Chaurasia
 Published : Jan 18, 2026 11:43 pm IST,  Updated : Jan 18, 2026 11:43 pm IST

विश्लेषकों का कहना है कि अमेरिका की टैरिफ लगाने की ये घोषणा डेनमार्क और अन्य यूरोपीय देशों को ग्रीनलैंड के दर्जे पर बातचीत के लिए दबाव में लाने की रणनीति हो सकती है।

donald trump, greenland, denmark, norway, sweden, france, germany, netherlands, finland, united king- India TV Hindi
ट्रांस-अटलांटिक संबंधों को नुकसान पहुंचाएंगे अमेरिकी टैरिफ Image Source : AP

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने 8 यूरोपीय देशों पर 10 प्रतिशत टैरिफ लगाने की घोषणा की है, जिन्होंने ग्रीनलैंड पर अमेरिकी कंट्रोल का विरोध किया था। डोनाल्ड ट्रंप द्वारा 8 देशों पर लगाए गए टैरिफ की घोषणा से नाराज यूरोपीय नेताओं और राजनयिकों ने चेतावनी दी है कि ये कदम अमेरिका-यूरोप संबंधों को कमजोर कर सकता है और एक 'खतरनाक नकारात्मक चक्र' को जन्म दे सकता है। बताते चलें कि ट्रंप ने शनिवार को घोषणा की थी कि डेनमार्क, नॉर्वे, स्वीडन, फ्रांस, जर्मनी, ब्रिटेन, नीदरलैंड और फिनलैंड पर 10 प्रतिशत टैरिफ लगाया जाएगा। 

ग्रीनलैंड को अमेरिका की राष्ट्रीय सुरक्षा के लिए अहम मानते हैं ट्रंप

नाटो गठबंधन में शामिल डेनमार्क के अर्ध-स्वायत्त क्षेत्र ग्रीनलैंड को ट्रंप अमेरिका की राष्ट्रीय सुरक्षा के लिए अहम मानते हैं और वो लगातार इसका कंट्रोल लेने की बात करते रहे हैं। विश्लेषकों का कहना है कि अमेरिका की टैरिफ लगाने की ये घोषणा डेनमार्क और अन्य यूरोपीय देशों को ग्रीनलैंड के दर्जे पर बातचीत के लिए दबाव में लाने की रणनीति हो सकती है। ये घोषणा ऐसे समय में आई जब ग्रीनलैंड के हजारों निवासी राजधानी नूक में अमेरिकी वाणिज्य दूतावास के बाहर विरोध प्रदर्शन कर रहे थे। 

अमेरिका और यूरोप में बढ़ते मतभेदों का रूस और चीन को मिलेगा फायदा

हाल के दिनों में कई यूरोपीय देशों ने ग्रीनलैंड में सीमित संख्या में सैनिक भी भेजे हैं, जिनका उद्देश्य आर्कटिक क्षेत्र में सुरक्षा प्रशिक्षण बताया गया है। यूरोपीय देशों के समूह यूरोपीय संघ की विदेश नीति प्रमुख काजा कालास ने कहा कि अमेरिका और यूरोप के बीच बढ़ते मतभेदों का फायदा चीन और रूस को मिलेगा। कालास ने एक सोशल मीडिया पोस्ट में कहा, “अगर ग्रीनलैंड की सुरक्षा पर खतरा है तो इसे नाटो गठबंधन के भीतर सुलझाया जा सकता है। इस तरह टैरिफ लगाने से यूरोप और अमेरिका दोनों गरीब होंगे और साझा समृद्धि कमजोर होगी।” 

ट्रांस-अटलांटिक संबंधों को नुकसान पहुंचाएंगे अमेरिकी टैरिफ

यूरोपियन यूनियन काउंसिल के अध्यक्ष एंटोनियो कोस्टा और यूरोपीय आयोग की अध्यक्ष उर्सुला फॉन डेर लेयेन ने एक संयुक्त बयान में डेनमार्क और ग्रीनलैंड के प्रति पूर्ण एकजुटता दिखाते करते हुए कहा कि ये टैरिफ ट्रांस-अटलांटिक संबंधों को नुकसान पहुंचाएंगे। ट्रंप के इस कदम की अमेरिका में भी आलोचना हुई है। अमेरिकी सीनेटर मार्क केली ने कहा कि सहयोगी देशों पर टैरिफ लगाने से अमेरिकियों को ज्यादा कीमत चुकानी पड़ेगी और अमेरिका की वैश्विक साख को नुकसान होगा। 

ट्रंप की करीबी जॉर्जिया मेलोनी ने भी फैसले को बताया 'गलत'

यूरोप में ट्रंप की करीबी सहयोगी मानी जाने वाली इटली की प्रधानमंत्री जॉर्जिया मेलोनी ने भी इस फैसले को एक 'गलती' बताया। वहीं, ब्रिटेन में सत्तारूढ़ और विपक्षी दलों ने समान रूप से इस कदम की आलोचना की। ब्रिटिश प्रधानमंत्री केअर स्टार्मर ने कहा कि यूरोप के देशों पर टैरिफ की घोषणा 'पूरी तरह गलत' है और उनकी सरकार इस मामले को अमेरिकी प्रशासन के समक्ष उठाएगी। 

Advertisement

India TV हिंदी न्यूज़ के साथ रहें हर दिन अपडेट, पाएं देश और दुनिया की हर बड़ी खबर। Business से जुड़ी लेटेस्ट खबरों के लिए अभी विज़िट करें पैसा