1. Hindi News
  2. पैसा
  3. बिज़नेस
  4. RBI मॉनेटरी पॉलिसी कमेटी की मीटिंग शुरू, ब्याज दरों को लेकर 5 जून को होगा ऐलान

RBI मॉनेटरी पॉलिसी कमेटी की मीटिंग शुरू, ब्याज दरों को लेकर 5 जून को होगा ऐलान

 Edited By: Sunil Chaurasia
 Published : Jun 03, 2026 06:21 pm IST,  Updated : Jun 03, 2026 06:21 pm IST

येस बैंक की एक रिपोर्ट में कहा गया है कि युद्ध की स्थिति में कुछ सुधार के बावजूद नीतिगत चुनौतियां बनी हुई हैं।

rbi, reserve bank of india, rbi mpc meeting, rbi mpc meeting date, repo rate, interest rates, loan i- India TV Hindi
आरबीआई Image Source : PTI

भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) के गवर्नर संजय मल्होत्रा की अध्यक्षता वाली मॉनेटरी पॉलिसी कमेटी (MPC) की 3 दिनों तक चलने वाली मीटिंग बुधवार को शुरू हो गई। पश्चिम एशिया में जारी संघर्ष के कारण महंगाई और आर्थिक वृद्धि को लेकर पैदा हुई चुनौतियों के बीच केंद्रीय बैंक रेपो रेट को 5.25 प्रतिशत पर स्थिर रख सकता है। 6 सदस्यों वाली एमपीसी की 3 दिन की विचार-विमर्श प्रक्रिया के बाद 5 जून को मॉनेटरी पॉलिसी की घोषणा की जाएगी। 

महंगाई का अनुमान बढ़ा सकता है आरबीआई

ईंधन की कीमतों में उछाल, आपूर्ति श्रृंखला संबंधी चुनौतियों के बने रहने और रुपये में गिरावट के बीच कुछ एक्सपर्ट्स का मानना है कि आरबीआई महंगाई के अपने अनुमान को बढ़ा सकता है और जीडीपी के वृद्धि दर के अनुमान को घटा सकता है। आरबीआई ने अप्रैल में पश्चिम एशिया संघर्ष के ऊर्जा आपूर्ति, मुद्रास्फीति और वृद्धि पर पड़ने वाले प्रभाव का आकलन करने के लिए सतर्क रुख अपनाते हुए रेपो रेट को स्थिर रखा था। 

पेट्रोल और डीजल के साथ-साथ कमर्शियल एलपीजी की कीमतों में तेजी

प्राइवेट सेक्टर के येस बैंक की एक रिपोर्ट में कहा गया है कि युद्ध की स्थिति में कुछ सुधार के बावजूद नीतिगत चुनौतियां बनी हुई हैं और अर्थव्यवस्था अब भी आपूर्ति संबंधी झटकों के प्रति संवेदनशील है। रिपोर्ट के अनुसार, थोक मूल्य सूचकांक (WPI) आधारित महंगाई का असर अब खुदरा महंगाई पर दिखना शुरू हो गया है। पेट्रोल और डीजल की कीमतों में बढ़ोतरी के साथ-साथ कमर्शियल एलपीजी की कीमतें भी बढ़ी हैं। 

वृद्धि के प्रभावों का आकलन करने के लिए समय लेना चाहेगा आरबीआई

येस बैंक ने कहा, ''सभी विकल्प खुले हैं, लेकिन हमारा मानना है कि जून में ब्याज दरों और नीतिगत रुख में बदलाव की संभावना बहुत कम है क्योंकि आरबीआई कीमतों में वृद्धि के प्रभावों का आकलन करने के लिए समय लेना चाहेगा।'' 

आरबीआई के लक्ष्य के दायरे में महंगाई

आईडीएफसी फर्स्ट बैंक की मुख्य अर्थशास्त्री गौरासेन गुप्ता ने कहा कि महंगाई अभी भी आरबीआई के लक्ष्य के दायरे में बनी हुई है, इसलिए केंद्रीय बैंक फिलहाल रेपो रेट को स्थिर रख सकता है। उन्होंने कहा कि बढ़ती लागत के कारण आर्थिक वृद्धि पर दबाव का जोखिम बना हुआ है। आरबीआई का लचीला मुद्रास्फीति लक्ष्य ढांचा उसे ईंधन की कीमतों में वृद्धि के शुरुआती प्रभावों को नजरअंदाज करने की कुछ गुंजाइश देता है। हालांकि, अगर मुद्रास्फीति पर इसका प्रभाव दिखाई देते हैं तो केंद्रीय बैंक कार्रवाई करने की अपनी तत्परता दिखाएगा। 

Advertisement

India TV हिंदी न्यूज़ के साथ रहें हर दिन अपडेट, पाएं देश और दुनिया की हर बड़ी खबर। Business से जुड़ी लेटेस्ट खबरों के लिए अभी विज़िट करें पैसा