Kalsarp Yog: कालसर्प योग ज्योतिष के अशुभ योगों में से एक माना जाता है। यह योग तब निर्मित होता है जब कुंडली के 7 मुख्य ग्रह राहु-केतु के बीच आ जाते हैं। ऐसी ही स्थिति 4 से जुलाई के बीच बनी रहेगी। चंद्रमा 4 जुलाई को कुंभ राशि में प्रवेश कर चुके हैं जहां राहु विराजमान हैं, वहीं केतु सिंह राशि में विराजमान हैं। 18 जुलाई तक चंद्रमा के साथ ही अन्य 6 ग्रह भी राहु-केतु के बीच आ जाएंगे। इसलिए 18 जुलाई तक कालसर्प दोष बना रहेगा। 18 जुलाई को जैसे ही चंद्रमा सिंह से कन्या में गोचर करें तो कालसर्प दोष समाप्त हो जाएगा। कालसर्प योग के प्रभाव से कुछ राशियों को जीवन में मुश्किलों का सामना करना पड़ सकता है। आइए जान लेते हैं इन राशियों के बारे में।
वृषभ राशि
कालसर्प योग के बनने से अचानक से आर्थिक पक्ष में उतार-चढ़ाव का सामना आपको करना पड़ सकता है। इसलिए धन से जुड़े मामलों में आपको सतर्कता बरतनी होगी। बड़ी रकम का लेन-देन किसी विश्वासपात्र की उपस्थिति में करें। कोई भी ऐसा काम आपको शुरू नहीं करना चाहिए जिसमें वित्तीय जोखिम हो। कार्यक्षेत्र में जितना काम पर फोकस करेंगे आपके लिए बेहतर रहेगा। उपाय के तौर पर आपको हनुमान चालीसा का पाठ करना चाहिए।
वृश्चिक राशि
वृश्चिक राशि के जातकों को 18 जुलाई तक धैर्य से आगे बढ़ना चाहिए। आपके कार्यों में रुकावटें आ सकती हैं लेकिन निराश होने की बजाय आपको मेहनत जारी रखनी होगी। धन से जुड़े मामलों में मुश्किलों का सामना कर सकते हैं, हालांकि बजट बनाकर आगे बढ़ेंगे तो अनचाहे खर्चों से बच सकते हैं। कार्यक्षेत्र में सहकर्मियों के साथ नोकझोंक हो सकती है इसलिए सावधान रहें। किसी पर भी आंख मूंदकर भरोसा करने से आपको बचना होगा। उपाय के तौर पर शिव जी की आराधना करें।
मीन राशि
मीन राशि के जातक भावनाओं पर नियंत्रण रखने की कोशिश करें। शादी, करियर और अर्थ से जुड़ा कोई भी फैसला बिना सलाह के न लें। जल्दबाजी में काम करेंगे तो नुकसान आपको झेलना पड़ सकता है। आर्थिक पक्ष में उतार-चढ़ाव आ सकता है। जो लोग नौकरी पेशा हैं उन्हें अतिरिक्त जिम्मेदारी कार्यक्षेत्र में मिल सकती है और काम बढ़ने के कारण थकान और तनाव का सामना आप कर सकते हैं। मीन राशि के जातकों को उपाय के तौर पर शिवलिंग पर जल अर्पित करना चाहिए।
(Disclaimer: यहां दी गई जानकारियां धार्मिक आस्था और लोक मान्यताओं पर आधारित हैं। इसका कोई भी वैज्ञानिक प्रमाण नहीं है। इंडिया टीवी एक भी बात की सत्यता का प्रमाण नहीं देता है।)
ये भी पढ़ें-
जुलाई में शुरू हो रहा है चातुर्मास, जानिए इस दौरान किन कार्यों को करने की होती है मनाही