शुक्र ग्रह प्रेम, सौंदर्य, कला, सुख-सुविधा और ऐश्वर्य का कारक माने जाते हैं। जब भी शुक्र अपनी चाल या नक्षत्र बदलते हैं, तो इसका प्रभाव सभी राशियों पर देखने को मिलता है। शुक्र ग्रह के नक्षत्र परिवर्तन का असर हर राशि पर अलग-अलग पड़ता है। 29 जुलाई को शुक्र नक्षत्र परिवर्तन करेंगे। जिसके प्रभाव से 3 राशियों पर प्रेम, करियर और आर्थिक मामलों में सकारात्मक बदलाव हो सकते हैं।
शुक्र करेंगे उत्तर फाल्गुनी नक्षत्र में गोचर
इस बार 29 जुलाई को सुबह 4 बजकर 56 मिनट पर शुक्र पूर्वा फाल्गुनी नक्षत्र से निकलकर उत्तर फाल्गुनी नक्षत्र में प्रवेश करेंगे। यह स्थिति 11 अगस्त तक रहेगी। ज्योतिषीय मान्यताओं के अनुसार इस अवधि में 3 राशियों के लिए विशेष रूप से राजयोग जैसे शुभ संयोग बन रहे हैं।
वृषभ राशि: वृषभ राशि के स्वामी स्वयं शुक्र हैं। ऐसे में यह नक्षत्र परिवर्तन इस राशि के जातकों के लिए अनुकूल माना जा रहा है। व्यापार करने वालों को लाभदायक सौदा मिलने की संभावना है, जबकि नौकरीपेशा लोगों को नई जिम्मेदारी या पदोन्नति मिल सकती है। आर्थिक मामलों में सुधार के संकेत हैं और लंबे समय से चली आ रही परेशानियां कम हो सकती हैं। परिवार का सहयोग मिलने से मानसिक संतोष भी बना रहेगा।
सिंह राशि: इन जातकों के लिए यह समय प्रेम और करियर दोनों मामलों में अच्छा माना जा रहा है। अविवाहित लोगों के जीवन में नए रिश्ते की शुरुआत हो सकती है, जबकि पहले से रिश्ते में मौजूद लोगों के संबंध और मजबूत हो सकते हैं। संतान से जुड़ी कोई अच्छी खबर भी मिल सकती है। नौकरी करने वालों के लिए पदोन्नति, वेतन वृद्धि या नए अवसर मिलने के योग बन रहे हैं। धार्मिक और आध्यात्मिक कार्यों में भी रुचि बढ़ सकती है।
मकर राशि: आपके लिए यह गोचर आर्थिक नजरिए से लाभकारी रहेगा। आय के नए स्रोत बनने और पुराने निवेश से अच्छा लाभ मिलने की संभावना है। करियर में आगे बढ़ने के अवसर मिल सकते हैं और आत्मविश्वास में भी बढ़ोतरी होगी। प्रेम संबंधों में विश्वास और अपनापन मजबूत होगा। कुल मिलाकर 11 अगस्त तक का समय मकर राशि के जातकों के लिए सुख, समृद्धि और प्रगति के संकेत दे सकता है।
(Disclaimer: यहां दी गई जानकारियां धार्मिक आस्था और लोक मान्यताओं पर आधारित हैं। इसका कोई भी वैज्ञानिक प्रमाण नहीं है। इंडिया टीवी एक भी बात की सत्यता का प्रमाण नहीं देता है।)
ये भी पढ़ें: अनजाने में हर दिन कर रहे हैं ये गलतियां? इन आदतों को वास्तु शास्त्र में माना गया है अशुभ