चंद्रमा ज्योतिष शास्त्र में मौजूद शुभ ग्रहों में से एक हैं। चंद्रमा को मन, माता के साथ ही धन के प्रवाह और मानसिक शांति का कारक भी माना जाता है। 16 सितंबर को चंद्रमा सुबह 10 बजकर 49 मिनट पर तुला राशि से निकलकर अपनी नीच राशि वृश्चिक में गोचर कर जाएंगे। हालांकि चंद्रमा का वृश्चिक में जाना शुभ नहीं कहा जा सकता लेकिन चंद्रमा की स्थिति कुछ राशियों के लिए फायदेमंद साबित हो सकती है। आज हम आपको इन्हीं राशियों के बारे में जानकारी देंगे।
सिंह राशि
चंद्रमा आपकी राशि के स्वामी सूर्य के मित्र हैं और 16 सितंबर को आपकी राशि से चतुर्थ भाव में गोचर करेंगे जिसे सुख का कारक भाव कहा जाता है। इसलिए चंद्रमा के गोचर से आपके जीवन में भी सुख-सुविधाओं की वृद्धि हो सकती है। इस राशि के कुछ लोग वाहन या भूमि-भवन खरीद सकते हैं। अगर माता की सेहत खराब थी तो 16 सितंबर के अच्छे परिवर्तन आ सकते हैं। कारोबार में भी लाभ मिलने के योग हैं और कुछ लोग नया कारोबार शुरू भी कर सकते हैं। घर से दूर रह रहे लोग घर जाने का प्लान बना सकते हैं। आर्थिक रूप से संपन्न आप हो सकते हैं।
तुला राशि
तुला राशि के जातकों के द्वितीय भाव में चंद्रमा का गोचर होगा जोकि धन और वाणी का कारक भाव है। चंद्रमा की स्थिति के चलते आपको धन लाभ मिल सकता है। कहीं से अटका हुआ धन वापस मिलने के योग हैं। जो लोग व्यापार करते हैं वो भी मुनाफा पा सकते हैं। घर के लोगों के साथ किसी धार्मिक यात्रा पर इस राशि के कुछ लोग निकल सकते हैं। दूसरे भाव में चंद्रमा के होने से आपकी वाणी में भी मिठास दिखाई देगी जिसके कारण आपके सहकर्मी आपसे प्रभावित हो सकते हैं। अगर आपकी माता नौकरी पेशा हैं तो उनको पदोन्नति मिल सकती है।
मकर राशि
मकर वालों चंद्रमा आपके एकादश भाव में गोचर करेंगे जिसके लाभ का भाव कहा जाता है। इस गोचर के चलते आपको धन प्राप्ति के कई स्रोत मिल सकते हैं। जो लोग शेयर बाजार में पैसा लगाते हैं उनको भी मुनाफा मिलने के योग हैं। उधार दिया धन इस राशि के कुछ जातकों को वापस मिल सकता है। चंद्रमा की स्थिति के चलते बड़े भाई-बहनों का भी आप सहयोग पा सकते हैं। आपकी सेहत में भी अच्छे बदलाव आने के योग हैं।
(Disclaimer: यहां दी गई जानकारियां धार्मिक आस्था और लोक मान्यताओं पर आधारित हैं। इसका कोई भी वैज्ञानिक प्रमाण नहीं है। इंडिया टीवी एक भी बात की सत्यता का प्रमाण नहीं देता है।)
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