मीरपुर: विश्व कप के सेमीफाइनल में बाहर होने के बाद भारत की मज़बूत टीम कल से यहां शुरू हो रही तीन मैचों की श्रृंखला में बांग्लादेश का सामना करेगी जिससे इस श्रृंखला से मेहमान टीम की तुलना में अधिक फायदा हो सकता है।
कप्तान महेंद्र सिंह धोनी एक बार फिर टीम की कमान संभालेंगे जबकि छह अन्य एकदिवसीय विशेषग्य भी टीम के साथ जुड़ गए हैं। भारत को ऐसी टीम का सामना करना है जिसने विश्व कप 2015 के क्वार्टर फाइनल में पहुंचकर अपनी प्रतिभा की झलक दिखाई थी लेकिन उसे नाकआउट मुक़ाबले में धोनी की टीम ने ही हराया था।
यह श्रृंखला बांग्लादेश के पास विश्व कप की हार का बदला लेने का मौका है। विश्व कप का क्वार्टर फाइनल हालांकि विवाद का हिस्सा भी रहा जब आईसीसी के तत्कालीन अध्यक्ष बांग्लादेश के मुस्तफा कमाल ने अंपायरों पर भारत का पक्ष लेने का आरोप लगाया।

जहां तक भारतीय टीम का सवाल है तो अगर वह श्रृंखला 3-0 से भी जीत लेती है तो भी आईसीसी रैंकिंग में दूसरे स्थान पर मौजूदा यह टीम नंबर एक नहीं बन पाएगी। बांग्लादेश की टीम हालांकि अगर श्रृंखला जीत जाती है तो 2017 चैम्पियन्स ट्राफी के लिए उसके क्वालीफाई करने की संभावना बढ़ जाएगी।
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