1. Hindi News
  2. टेक
  3. टिप्स और ट्रिक्स
  4. फोन चार्ज में लगाते ही खाली हो जाएगा बैंक अकाउंट, कहीं आप भी तो नहीं कर रहे ये गलती

फोन चार्ज में लगाते ही खाली हो जाएगा बैंक अकाउंट, कहीं आप भी तो नहीं कर रहे ये गलती

 Written By: Harshit Harsh
 Published : Aug 16, 2026 10:00 am IST,  Updated : Aug 16, 2026 10:00 am IST

साइबर क्रिमिनल्स नए तरीकों से लोगों के साथ फ्रॉड करने में लगे हैं। अगर, आप भी अपना फोन किसी पब्लिक चार्जिंग स्टेशन पर चार्ज कर रहे हैं तो आपको सतर्क रहने की जरूरत है।

Juice jacking fraud- India TV Hindi
चार्ज में लगाते ही हो जाएगा फ्रॉड Image Source : UNSPLASH

क्या आपने रेलवे स्टेशन, मैट्रो, एयरपोर्ट आदि पर बने पब्लिक चार्जिंग स्टेशन का इस्तेमाल किया है? क्या आपने यहां अपना फोन चार्ज किया है? अगर, हां तो आपको सावधान रहने की जरूरत है। एक नए तरह के फ्रॉड की घटना सामने आ रही है, जिसमें हैकर्स इन चार्जिंग स्टेशन का इस्तेमाल करके आपके फोन में मेलवेयर यानी वायरस इंजेक्ट कर सकते हैं और फिर आपकी निजी जानकारियां चुराकर ऑनलाइन फ्रॉड कर सकते हैं।

क्या है 'जूस जैकिंग स्कैम'?

इस नए तरीके के फ्रॉड को 'जूस जैकिंग स्कैम' कहा जाता है। इस तरह से साइबर अटैक में फोन के चार्जिंग में इस्तेमाल की जाने वाली USB पोर्ट के माध्यम से मेलवेयर इंसर्ट की जाती है। साइबर अपराधी इन पब्लिक प्लेस पर फर्जी चार्जिंग स्टेशन तक तैयार करते हैं ताकि कोई न कोई शिकार बन सके। ये फोन में चार्जिग केबल के माध्यम से मैलवेयर या वायरस इंसर्ट कर देते हैं।

फोन में इंसर्ट वायरस बैंकिंग डिटेल से लेकर OTP यानी वन टाइम पासवर्ड तक चुराकर हैकर को पहुंचा देते हैं। यही नहीं, आपकी निजी तस्वीरें आदि भी हैकर्स तक पहुंच जाती है। फिर हैकर्स आपको कॉल करके ब्लैकमेल करके डिजिटल अरेस्ट वाले फ्रॉड भी कर सकते हैं।

कैसे बचें?

  • आप कभी भी पब्लिक स्टेशन पर लगे चार्जिंग स्टेशन में अपना फोन न लगाएं। आपके पास अगर चार्जिंग अडेप्टर है तो उसी का इस्तेमाल करके फोन चार्ज करें।
  • इस तरह के इमरजेंसी चार्जिंग के लिए आप पावरबैंक या पोर्टेबल चार्जर का इस्तेमाल कर सकते हैं।
  • इन दिनों आने वाले ज्यादातर फोन बड़ी बैटरी के साथ आते हैं। ऐसे में आपके फोन की बैटरी सिंगल चार्ज में लंबा चल सकती है।
  • अगर, आपको पब्लिक चार्जिंग स्टेशन पर फोन चार्ज में लगाना ही पड़ रहा है तो आपको फोन की स्क्रीन पर दिखने वाले प्रॉम्प्ट का ध्यान रखना होगा। गलती से भी Trust this device या Allow Data Transfer पर टैप न करें।

फ्रॉड होने पर क्या करें?

अगर, आपके साथ किसी भी तरह का फ्रॉड होता है तो नेशनल साइबर फ्रॉड हेल्पलाइन नंबर 1930 पर कॉल करें। इसके अलावा आप संचार साथी ऐप या वेबसाइट की मदद लेकर भी साइबर फ्रॉड को रिपोर्ट कर सकते हैं। यही नहीं, आप नजदीकी साइबर पुलिस स्टेशन में जाकर भी फ्रॉड को रिपोर्ट कर सकते हैं।

यह भी पढ़ें - Samsung Galaxy Z Fold 8 Ultra से कितना अलग है Google Pixel 11 Pro Fold?

Advertisement

India TV हिंदी न्यूज़ के साथ रहें हर दिन अपडेट, पाएं देश और दुनिया की हर बड़ी खबर। Tips and Tricks से जुड़ी लेटेस्ट खबरों के लिए अभी विज़िट करें टेक