शादियों का सीजन हो और सोशल मीडिया पर कोई मजेदार वीडियो वायरल न हो, ऐसा तो हो ही नहीं सकता। हाल में फिर से एक और मजेदार वीडियो इस वक्त सोशल मीडिया पर तहलका मचा रहा है। जिसमें एक दूल्हे राजा को घुटनों के बल बैठकर अपनी दुल्हन को गुलाब देना था, लेकिन वो ऐसा कर नहीं पाए और गुलाब देने की कोशिश में ऐसे फंसे कि दुल्हन का मूड ही ऑफ हो गया। दूल्हे राजा का यह वीडियो इतना मजेदार था कि लोगों की हंसी रोके नहीं रुकी।
इस वीडियो को इंस्टाग्राम पर @vicky_kumar_8908 ने शेयर किया है। जिसे अब तक लाखों लोगों ने देखा और लाइक किया है। वीडियो में देखा जा सकता है कि जयमाल के बाद दूल्हा-दुल्हन स्टेज पर खड़े हैं। दूल्हे के हाथ में एक गुलाब है, और वह अपनी दुल्हन को रोमांटिक अंदाज में प्रपोज करने की फिराक में है। लेकिन यहीं से शुरू होता है असली ड्रामा! दूल्हे के दोस्त, जो शायद "प्रपोजल गुरु" बनने की कोशिश में हैं, उसे सिखाते हैं कि भाई, घुटनों पर बैठकर गुलाब देना है। उनमें से एक दोस्त तो खुद डेमो देकर दिखाता है, लेकिन हमारे दूल्हे राजा घुटनों पर बैठने की कोशिश में ऐसे लटपटाए जैसे कोई पहली बार स्केटिंग सीख रहा हो।
कई बार कोशिश करने के बाद भी दूल्हा सही पोज में नहीं बैठ पाता है। वह कभी इधर लुढ़कता है, कभी उधर संभलता है, और आखिरकार हार मानकर गुलाब को यूं ही दुल्हन के हाथ में थमा देता है। जिसके बाद दुल्हन का मूड पूरी तरह से "ऑफ" हो जाता है। दुल्हन का चेहरा देखने लायक लग रहा है, जैसे वो सोच रही हो, "ये क्या आदमी मिल गया मुझे?" दूल्हे की हरकतों को देख वहां मौजूद मेहमान हंस-हंसकर लोटपोट हो गए। लेकिन दुल्हन का गुस्सा और दूल्हे की बेचैनी देखकर लग रहा है कि शायद ये शादी अब हमेशा के लिए यादगार बन गई है।
इंस्टाग्राम पर इस वीडियो को देखकर लोग हंसते-हंसते पागल हो गए हैं। यूजर्स ने वीडियो पर एक से बढ़कर एक मजेदार कमेंट्स किए। जहां एक यूजर ने वीडियो पर कमेंट करते हुए लिखा, "लड़का बहुत मासूम है, लेकिन रोमांस में जीरो।" दूसरे ने चुटकी लेते हुए कहा, "बेचारा 7 जन्मों का सिंगल लग रहा है।" तीसरे ने तो हद ही कर दी और कहा, "क्या दूल्हा बनेगा रे तू? पहले घुटने तो मोड़ना सीख ले।" वहीं, एक यूजर ने दुल्हन के लिए लिखा, "लड़की का मूड ऑफ हो गया, अब सात जन्मों तक ऑन नहीं होगा।"
डिस्क्लेमर: इस खबर में दी गई जानकारी सोशल मीडिया पोस्ट पर आधारित है। इंडिया टीवी किसी भी प्रकार के दावे की प्रामाणिकता की पुष्टि नहीं करता है।
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