1. Hindi News
  2. पश्चिम बंगाल
  3. विदेश में इलाज की अनुमति के लिए अभिषेक बनर्जी फिर पहुंचे सुप्रीम कोर्ट, कलकत्ता हाईकोर्ट के फैसले को दी चुनौती

विदेश में इलाज की अनुमति के लिए अभिषेक बनर्जी फिर पहुंचे सुप्रीम कोर्ट, कलकत्ता हाईकोर्ट के फैसले को दी चुनौती

 Reported By: Onkar Sarkar Written By: India TV West Bengal Bureau Desk
 Published : Aug 08, 2026 02:07 pm IST,  Updated : Aug 08, 2026 02:07 pm IST

TMC सांसद अभिषेक बनर्जी ने आंखों के इलाज के लिए विदेश जाने की अनुमति न मिलने पर सुप्रीम कोर्ट का रुख किया है। उन्होंने कलकत्ता हाईकोर्ट के फैसले को चुनौती दी है। पढ़ें पूरी खबर।

West Bengal News- India TV Hindi
अभिषेक बनर्जी फिर पहुंचे सुप्रीम कोर्ट Image Source : PTI

तृणमूल कांग्रेस (TMC) के वरिष्ठ नेता और सांसद अभिषेक बनर्जी ने एक बार फिर देश की सबसे बड़ी अदालत (सुप्रीम कोर्ट) का रुख किया है। उन्होंने कलकत्ता हाईकोर्ट के उस आदेश को चुनौती दी है, जिसमें उन्हें अपनी आंखों के इलाज के लिए विदेश जाने की अनुमति देने से इनकार कर दिया गया था। आइए जानते हैं क्या है पूरा मामला। 

अभिषेक बनर्जी के खिलाफ कथित रूप से भड़काऊ भाषण देने से जुड़ा एक आपराधिक मामला दर्ज है। इस मामले में जब हाईकोर्ट ने उनकी गिरफ्तारी पर रोक लगाई थी, तो राहत देने की शर्तों में एक शर्त यह भी शामिल थी कि वे बिना अदालत की अनुमति के देश से बाहर यात्रा पर नहीं जा सकते। इसी शर्त में ढील पाने के लिए उन्होंने हाईकोर्ट का दरवाजा खटखटाया था। इससे पहले 20 जुलाई को भी कलकत्ता हाईकोर्ट ने उन्हें विदेश जाने से मना करते हुए सरकारी एसएसकेएम (SSKM) अस्पताल में इलाज कराने का सुझाव दिया था। इसके खिलाफ बनर्जी सुप्रीम कोर्ट गए थे, जिस पर 3 अगस्त को फैसला सुनाते हुए शीर्ष अदालत ने हाईकोर्ट को इस विषय पर जल्द निर्णय लेने का निर्देश दिया था।

मेडिकल बोर्ड के सामने नहीं हुए पेश 

5 अगस्त को कलकत्ता हाईकोर्ट ने अभिषेक बनर्जी की अर्जी को यह कहते हुए खारिज कर दिया कि वे उस विशेष मेडिकल बोर्ड के समक्ष उपस्थित नहीं हुए जिसे यह तय करना था कि क्या वाकई उन्हें विदेश जाकर इलाज कराने की आवश्यकता है। कोर्ट ने टिप्पणी की कि यदि वे बोर्ड के सामने पेश होते तो उसकी जांच रिपोर्ट से अंतिम निर्णय लेने में मदद मिलती।

अभिषेक बनर्जी के पक्ष की दलील

अभिषेक बनर्जी के वकीलों ने तर्क दिया कि वे अमेरिका में उसी विशेषज्ञ डॉक्टर से इलाज जारी रखना चाहते हैं, जिन्होंने पहले उनकी आंख का ऑपरेशन किया था। उन्होंने सरकारी अस्पताल में इलाज कराने की सिफारिश को भी स्वीकार करने से इनकार कर दिया। पश्चिम बंगाल सरकार ने इस यात्रा की अनुमति का कड़ा विरोध करते हुए अदालत में कहा कि यह कोई ऐसी मेडिकल इमरजेंसी नहीं है जिसके लिए विदेश जाना अनिवार्य हो। सरकार का यह भी कहना है कि यदि उनको विदेश जाने की अनुमति मिलती है तो उनके खिलाफ चल रही कानूनी जांच प्रभावित हो सकती है। अब यह मामला एक बार फिर सुप्रीम कोर्ट के समक्ष है जहां आने वाले दिनों में इस पर सुनवाई होने की संभावना है।

ये भी पढ़ें- 

पैसों का लालच देकर नाबालिग छात्रों से कराया रक्तदान! TMCP सदस्य समेत तीन गिरफ्तार, बड़े नेटवर्क की जांच

Advertisement

India TV हिंदी न्यूज़ के साथ रहें हर दिन अपडेट, पाएं देश और दुनिया की हर बड़ी खबर। पश्चिम बंगाल से जुड़ी लेटेस्ट खबरों के लिए अभी विज़िट करें।