दुनियाभर के दिग्गजों के जमावड़े को लेकर दिल्ली में सुरक्षा सख्त है। 12 और 13 सितंबर को 18वें ब्रिक्स शिखर सम्मेलन के सफल और सुरक्षित आयोजन के लिए देश की राजधानी नई दिल्ली को पूरी तरह से अभेद्य किले में तब्दील कर दिया गया है। गृह मंत्रालय और दूसरी केंद्रीय एजेंसियों की देखरेख में दिल्ली पुलिस ने 'ऑपरेशन ब्रिक्स कवच' लागू किया है। करीब 15 हजार पुलिसकर्मी और CAPF की 200 कंपनियां सुरक्षा में तैनात हैं। दिल्ली में सुरक्षा इतनी सख्त कर दी गई है कि परिंदा भी पर नहीं मार सकता। इस बीच, DMRC ने भी अपना नया शेड्यूल जारी किया है।
रविवार को सभी रास्तों पर सुबह 6 बजे शुरू हो जाएगी मेट्रो
बता दें कि दिल्ली में ब्रिक्स समिट को देखते हुए यातायात प्रतिबंधों के बीच एग्जाम में बैठने वाले स्टूडेंट्स और यात्रियों की आवाजाही को आसान बनाने के लिए रविवार को सभी रास्तों पर मेट्रो ट्रेन की सेवा सुबह 6 बजे शुरू होगी। वैसे, सामान्यतः मजेंटा, पिंक और ग्रे लाइन पर रविवार को मेट्रो सेवाएं सुबह 7 बजे शुरू होती हैं।
DMRC ने दिया टाइम टेबल का अपडेट
DMRC ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर एक पोस्ट में कहा, "ब्रिक्स समिट की वजह से यातायात प्रतिबंधों के बीच एग्जाम में बैठने वाले स्टूडेंट्स और आम जनता की सुचारू व समय पर आवाजाही को सुविधाजनक बनाने के लिए रविवार को सभी रास्तों पर मेट्रो ट्रेन सेवाएं सुबह 6 बजे शुरू होंगी।"
समय से पहले मेट्रो शुरू होने से स्टूडेंट्स को होगी सुविधा
गौरतलब है कि रविवार को मेट्रो सेवाएं जल्दी शुरू हो जाने से एग्जाम में शामिल होने वाले कैंडिडेंट्स के साथ-साथ आम पब्लिक को सुगम और समयबद्ध तरीके से यात्रा करने में सहायता मिलेगी। इसमें कहा गया है कि ब्रिक्स समिट के दौरान दिल्ली के कुछ इलाकों में यातायात प्रतिबंधों के मद्देनजर छात्रों और अन्य यात्रियों को उसी के मुताबिक, अपने सफर की प्लानिंग करने की सलाह दी गई है।
दिल्ली में की जा रही चप्पे-चप्पे की निगरानी
दिल्ली पुलिस के अनुसार, VVIP इलाके में 500 से ज्यादा सीसीटीवी कैमरे लगाए गए हैं, जिनमें फेस रिकग्निशन सिस्टम और गाड़ियों के नंबर प्लेट पहचानने वाले कैमरे भी शामिल हैं। इसके अलावा, दिल्ली में होटलों की सुरक्षा कई लेयर में हो रही है। चप्पे-चप्पे की निगरानी की जा रही है। एयरपोर्ट, होटल और भारत मंडपम के पास कई लेयर में सिक्योरिटी है। एंटी-ड्रोन सिस्टम लगाए गए हैं। VVIP काफिलों की GPS ट्रैकिंग भी की जा रही है।
(इनपुट- भाषा)