पंजाबी सिंगर दलेर मेहंदी को उत्तराखंड के एक सांस्कृतिक कार्यक्रम में सार्वजनिक रूप से फटकार लगाए जाने का विवाद लगातार बढ़ता जा रहा है। इस मामले में अब उनके भाई और मशहूर गायक मीका सिंह ने उत्तराखंड के कैबिनेट मंत्री सुबोध उनियाल पर सवाल उठाए हैं। मीका ने मंत्री के उस दावे पर सबूत मांगा है, जिसमें उन्होंने कहा था कि दलेर मेहंदी को कार्यक्रम में प्रस्तुति देने के लिए 35 लाख रुपये दिए गए थे। मीका ने सवाल किया कि यह रकम नकद दी गई थी या चेक से भुगतान किया गया था। इसके साथ ही उन्होंने दलेर पर शराब पीकर कार्यक्रम में आने के आरोपों को गलत बताते हुए मंत्री से सार्वजनिक रूप से माफी मांगने की मांग की है।
मीका सिंह ने 35 लाख रुपये के भुगतान का मांगा सबूत
मीका सिंह ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर अपनी बात रखते हुए सुबोध उनियाल से भुगतान से जुड़े दस्तावेज सार्वजनिक करने को कहा। उन्होंने सवाल किया कि अगर दलेर मेहंदी को वास्तव में 35 लाख रुपये दिए गए थे, तो इसका भुगतान कैश में किया गया था या चेक के जरिए। मीका ने कहा कि यदि भुगतान की रसीद या अन्य रिकॉर्ड मौजूद हैं तो उन्हें सार्वजनिक किया जाना चाहिए, ताकि लोगों के सामने सच्चाई आ सके। मीका का यह बयान उस समय आया है, जब दलेर मेहंदी के समर्थन में मनोरंजन जगत की कई हस्तियां सामने आ चुकी हैं। मीका ने इससे पहले भी अपने भाई का बचाव करते हुए कहा था कि दलेर शराब का सेवन नहीं करते हैं। उनके मुताबिक हाल ही में बड़ी सर्जरी से गुजरने के बाद भी दलेर की तबीयत पूरी तरह ठीक नहीं थी, इसके बावजूद उन्होंने कार्यक्रम में प्रस्तुति दी।
https://x.com/MikaSingh/status/2112909986259149127
'दलेर मेहंदी शराब नहीं पीते', मीका ने कही ये बात
बुधवार को मीका सिंह ने बॉलीवुड और पंजाबी संगीत जगत के कलाकारों के साथ-साथ प्रशंसकों, दोस्तों और परिवार के सदस्यों का आभार जताया। उन्होंने कहा कि दलेर मेहंदी के समर्थन में सामने आए लोगों के प्यार और सहयोग के लिए वह सभी के शुक्रगुजार हैं। मीका ने अपने संदेश में स्पष्ट किया कि उनके भाई शराब नहीं पीते और उनके खिलाफ इस तरह के आरोप लगाना गलत है। उन्होंने इस मामले को दलेर की प्रतिष्ठा से जोड़ते हुए कहा कि किसी कलाकार के बारे में सार्वजनिक मंच पर इस तरह की टिप्पणी करने से पहले तथ्यों और परिस्थितियों को समझना जरूरी है।
नवरात्रि कार्यक्रम में मंत्री ने मंच पर लगाई थी फटकार
पूरा विवाद उत्तराखंड के टिहरी जिले में आयोजित कुंजापुरी मेले के दौरान शुरू हुआ। नवरात्रि के अवसर पर आयोजित सांस्कृतिक कार्यक्रम में दलेर मेहंदी प्रस्तुति दे रहे थे। इसी दौरान राज्य के कैबिनेट मंत्री सुबोध उनियाल मंच पर पहुंचे और गायक के प्रदर्शन पर नाराजगी जाहिर की। मंत्री ने मंच से दलेर पर शराब पीकर कार्यक्रम में आने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि नवरात्रि में मां दुर्गा से जुड़े कार्यक्रम के दौरान इस तरह प्रस्तुति देना उचित नहीं है। उन्होंने यह भी कहा कि दलेर मेहंदी को इसलिए बुलाया गया था, ताकि दर्शकों का मनोरंजन हो सके, लेकिन उन्हें लगा कि गायक अपनी प्रस्तुति के साथ न्याय नहीं कर रहे हैं। इस घटना के वीडियो सोशल मीडिया पर प्रसारित होने के बाद विवाद ने तूल पकड़ लिया। कुछ लोगों ने गायक का मजाक उड़ाया, जबकि उनके प्रशंसकों और कई कलाकारों ने मंत्री के व्यवहार की आलोचना की। राजपाल यादव भी एक्टर के सपोर्ट में उतरे।
सुबोध उनियाल ने क्या दी सफाई?
समाचार एजेंसी एएनआई से बातचीत में सुबोध उनियाल ने कहा कि दलेर मेहंदी एक बड़े कलाकार हैं और उनसे बेहतर प्रस्तुति की उम्मीद थी। मंत्री के मुताबिक मंच पर गायक असहज और असंतुलित दिखाई दे रहे थे। उन्होंने यह दावा भी किया कि दलेर अपने गानों पर केवल लिप-सिंक कर रहे थे। उनियाल ने कहा कि कार्यक्रम के लिए दलेर मेहंदी को 35 लाख रुपये देने की पेशकश की गई थी और इसी वजह से उन्होंने कलाकार से अपनी प्रस्तुति के साथ न्याय करने की अपेक्षा जताई। हालांकि भुगतान के तरीके और उससे जुड़े दस्तावेजों को लेकर मीका सिंह ने अब सार्वजनिक स्पष्टीकरण मांगा है। फिलहाल यह विवाद कलाकार के सम्मान, सार्वजनिक मंच पर व्यवहार और लगाए गए आरोपों के इर्द-गिर्द घूम रहा है।
ये भी पढ़ें: दलेर मेहंदी के समर्थन में उतरी FWICE, पीएम मोदी से लगाई गुहार, मंत्री सुबोध उनियाल के व्यवहार पर जताई नाराजगी