इलाहाबाद: इलाहाबाद उच्च न्यायालय ने उत्तर प्रदेश के बाढ़ प्रभावित जिलों के जिला अधिकारियों को निर्देश दिया कि वे अपने यहां चलाए जा रहे राहत कार्य का विवरण प्रदान करें। अदालत ने इस मामले पर आगे की सुनवाई के लिए 1 सितंबर की तारीख तय की है।
न्यायमूर्ति अरूण टंडन और न्यायमूर्ति सुनीता अग्रवाल की खंडपीठ ने देवकांत वर्मा नामक व्यक्ति की ओर से दायर जनहित याचिका पर यह आदेश पारित किया। वर्मा ने आरोप लगाया था कि राज्य के कई जिले बाढ़ से प्रभवित हैं और इनमें से 8 जिलों की स्थिति गंभीर है।
याचिका में कहा गया है कि प्रशासन की ओर से प्रदान की जा रही राहत पर्याप्त नहीं है।