नई दिल्ली: उत्तराखंड में राष्ट्रपति शासन लागू करने की घोषणा को निरस्त करने के उत्तराखंड उच्च न्यायालय के आदेश को चुनौती देने के लिए केंद्र सरकार शुक्रवार को उच्चतम न्यायालय का रख करेगी। यह बात गुरुवार कोअटार्नी जनरल मुकुल रोहतगी ने कही। उन्होंने कहा कि वह शुक्रवार सुबह प्रधान न्यायाधीश टी एस ठाकुर की पीठ के समक्ष मामले को रखेंगे और फैसले पर रोक की मांग करेंगे।
उच्च न्यायालय ने गुरुवार को हरीश रावत की अगुवाई वाली कांग्रेस सरकार को बहाल कर दिया। एजी ने उच्च न्यायालय के फैसले को चुनौती देने के लिए कुछ महत्वपूर्ण आधारों का उल्लेख करते हुए कहा, उच्च न्यायालय का राष्ट्रपति की अधिसूचना को निरस्त करना गलत है। राष्ट्रपति की अधिसूचना उपयुक्त सामग्री पर आधारित है। उच्च न्यायालय ने गुरुवार को कहा कि संविधान के अनुच्छेद 356 के तहत राष्ट्रपति शासन लागू करना शीर्ष अदालत द्वारा निर्धारित कानून के विपरीत है।
रोहतगी ने कहा, 18 मार्च को पारित विनियोग विधेयक दरअसल पारित ही नहीं हुआ और उसके बावजूद विधानसभा अध्यक्ष ने इसे प्रमाणित कर दिया जिसका वास्तव में अर्थ हुआ कि सरकार गिर गई। विधानसभा अध्यक्ष के आदेश से अल्पमत सरकार को जारी रहने दिया गया।