श्रीनगर: श्रीनगर स्थित राष्ट्रीय प्रौद्योगिकी संथान (NIT) के गैर-स्थानीय छात्रों में से अधिकांश सोमवार को हो रही विभिन्न कक्षाओं की परीक्षाओं में शामिल नहीं हुए। हालांकि, सभी स्थानीय छात्र परीक्षा रहे हैं। केंद्रीय मानव संसाधन विकास मंत्रालय (MHRD) ने हालांकि गैर-स्थानीय छात्रों को यह स्पष्ट कर दिया है कि यदि वे परीक्षाओं में शामिल नहीं होंगे, तो उन्हें बाद में इन परीक्षाओं में बैठने की अनुमति दी जाएगी।
छात्रों ने परीक्षाओं में न बैठने का का कारण एनआईटी में व्याप्त तनाव बताया है। एनआईटी के करीब 25 गैर-स्थानीय छात्र पहले ही परिसर छोड़कर अपने घर जा चुके हैं। राज्य सरकार, एचआरडी की 3 सदस्यीय टीम ने गैर-स्थानीय छात्रों की लगभग सभी मांगें मान ली हैं। हालांकि एनआईटी को घाटी से बाहर स्थानांतरित करने की उनकी मांग खारिज कर दी गई है।
गैर-स्थानीय छात्रों के प्रतिनिधियों के साथ दो दिन तक बातचीत करने वाले राज्य के उपमुख्यमंत्री निर्मल सिंह ने कहा कि चूंकि प्रदर्शनकारी छात्रों की अधिकांश मांगें मान ली गई हैं, इसलिए एनआईटी का तनाव जल्द समाप्त हो जाएगा।
प्रदर्शनकारी छात्र राज्य पुलिस पर पक्षपातपूर्ण रवैये का आरोप लगाते हुए उनके खिलाफ कार्रवाई की मांग कर रहे हैं। इस बारे में उपमुख्यमंत्री ने कहा कि इसकी मजिस्ट्रेट जांच के आदेश दिए गए हैं। दोषी पुलिसकर्मियों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।