1. Hindi News
  2. भारत
  3. राजनीति
  4. राष्ट्रपति चुनाव हारने के बाद भी मीरा कुमार ने तोड़ा 50 साल पुराना यह रिकॉर्ड

राष्ट्रपति चुनाव हारने के बाद भी मीरा कुमार ने तोड़ा 50 साल पुराना यह रिकॉर्ड

 Written By: India TV News Desk
 Published : Jul 21, 2017 10:28 am IST,  Updated : Jul 21, 2017 10:28 am IST

चुनाव आयोग के आंकड़ों के मुताबिक कोविंद के पूर्ववर्ती प्रणब मुखर्जी को वर्ष 2012 में हुए चुनाव में 69.31 फीसदी वोट मिले थे। वर्ष 2007 में प्रतिभा पाटिल को 65.82 प्रतिशत मिले थे, जो कोविंद की तुलना में थोड़ा अधिक था। केआर नारायणन (1997) और एपीजे अब्दु

 meira_kumar- India TV Hindi
meira_kumar

नई दिल्ली: एक तरफ जहां एनडीए प्रत्याशी रामनाथ कोविंद की राष्ट्रपति चुनाव में जीत भाजपा में खुशी लेकर आई है क्योंकि ऐसा पहली बार हुआ है जब भाजपा का कोई नेता रायसीना हिल्स पहुंचा है। तो दूसरी तरफ यूपीए की प्रत्याशी मीरा कुमार भले ही चुनाव हार गई हों लेकिन उन्होंने 50 साल का रिकॉर्ड तोड़ दिया है। मीरा कुमार ने 10.69 लाख में से 3.67 लाख वोट पाए। ऐसा पहली बार हुआ है जब किसी हारने वाले प्रत्याशी को इतने वोट मिले हैं। ये भी पढ़ें: दलालों के चक्कर में न पड़ें 60 रुपए में बन जाता है ड्राइविंग लाइसेंस

इससे पहले सबसे ज्यादा वोट 3.63 लाख पूर्व चीफ जस्टिस कोका सुब्बाराव ने हासिल किए थे। जस्टिस राव को पूर्व राष्ट्रपति जाकिर हुसैन ने मात दी थी, लेकिन उन्होंने हार के बावजूद रिकॉर्ड बना डाला। लेकिन वहीं इस जीत के बावजूद भी भाजपा का एक ख्वाब अधूरा रह गया है जिसे पूरा करने के लिए पार्टी ने पूरी कोशिश की। दरअसल भाजपा चाहती थी कि इस चुनाव में वह राष्ट्रपति प्रणब मुखर्जी को मिले वोटों के प्रतिशत का रिकॉर्ड तोड़ दे लेकिन वो प्रणब मुखर्जी के रिकॉर्ड को तोड़ नहीं पाई।

चुनाव आयोग के आंकड़ों के मुताबिक कोविंद के पूर्ववर्ती प्रणब मुखर्जी को वर्ष 2012 में हुए चुनाव में 69.31 फीसदी वोट मिले थे। वर्ष 2007 में प्रतिभा पाटिल को 65.82 प्रतिशत मिले थे, जो कोविंद की तुलना में थोड़ा अधिक था। केआर नारायणन (1997) और एपीजे अब्दुल कलाम (2002) को क्रमश: 94.97 और 89.57 प्रतिशत मत मिले थे।

रामनाथ कोविंद चुनाव जीतने के बेहद भावुक हो गए। उन्होंने देश की जनता और जनप्रतिनिधियों का आभार जताया। चुनाव जीतने के बाद अपने संबोधन में रामनाथ कोविंद ने कहा कि वे देशवासियों के प्रति आभार व्यक्त करते हैं। उन्होंने कहा, 'हर क्षेत्र के जनप्रतिनिधियों ने जो विश्वास मेरे ऊपर जताया है उसके लिए मैं आभारी हूं। विपक्ष की उम्मीवार मीरा कुमार जी को धन्यवाद और शुभकामनाएं।'

रामनाथ कोविंद ने कहा, 'जिस पद का गौरव डॉ. राजेंद्र प्रसाद, डॉ. सर्वपल्ली राधकृष्णन, डॉ. एपीजे अब्दुल कलाम, प्रणब मुखर्जी ने बढ़ाया उसपर मेरा चयन मुझे बड़ी जिम्मेदारी का अहसास करा रहा है। यह मेरे लिए बेहद भावुक क्षण है।' बचपन के दिनों को याद करते हुए रामनाथ कोविंद ने कहा, 'आज दिल्ली में सुबह से बारिश हो रही है। यह बारिश का मौसम मुझे बचपन की याद दिलाता है जब मैं कच्चे-फूस के घर में रहता था। घर की दीवारें मिट्टी की थीं। तेज बारिश में फूस की छत बारिश नहीं रोक पाती थीं। हम सभी भाई बहन कमरे में किनारे खड़े होकर बारिश के खत्म होने का इंतजार करते थे।'

ये भी पढ़ें: अगर सांप काटे तो क्या करें-क्या न करें, इन बातों का रखें ध्यान...

इस राजा की थी 365 रानियां, उनके खास महल में केवल निर्वस्‍त्र हीं कर सकते थे एंट्री

Advertisement

India TV हिंदी न्यूज़ के साथ रहें हर दिन अपडेट, पाएं देश और दुनिया की हर बड़ी खबर। Politics से जुड़ी लेटेस्ट खबरों के लिए अभी विज़िट करें भारत