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योग सिखाने वियतनाम गए थे झारखंड के 2 बेटे, हादसे ने छीनी जिंदगी; अब घरवाले कर रहे आखिरी दीदार का इंतजार

 Written By: Khushbu Rawal
 Published : Sep 30, 2026 05:19 pm IST,  Updated : Sep 30, 2026 05:19 pm IST

रांची और जमशेदपुर के रहने वाले 2 युवा योग शिक्षकों की वियतनाम में सड़क हादसे में दर्दनाक मौत हो गई। हादसे के वक्त वह योग की क्लास लेकर दोपहिया वाहन से से लौट रहे थे। तेज बारिश के बीच स्कूटी की कार से टक्कर हो गई, जिसमें दोनों की मौके पर ही मौत हो गई।

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योग सिखाने विदेश गए राजा और विनय की सड़क हादसे में मौत। Image Source : INDIA TV

रांची: वियतनाम में सड़क हादसे में मारे गए झारखंड के 2 योग प्रशिक्षकों के शव भारतीय समुदाय की मदद से इस हफ्ते भारत लाए जाने की संभावना है। एक अधिकारी ने बताया कि रांची के 24 वर्षीय राजा कुमार और जमशेदपुर के 25 वर्षीय विनय कुमार राय वियतनाम के दा लाट शहर में आदि योग अकादमी में योग सिखाते थे। 25 सितंबर को उनके दोपहिया वाहन की एक कार से टक्कर हो गई जिसमें दोनों की मौत हो गई।

जिस बेटे से परिवार को था सहारा, वही वियतनाम में हादसे का शिकार

राजा कुमार के पिता उमेश वर्मा ने बताया, 25 सितंबर को हमें सूचना मिली कि वियतनाम में एक हादसे में मेरे बेटे की मौत हो गई है। वह 2-3 महीने पहले रांची आया था। पांच दिन बीत चुके हैं लेकिन उसका शव अब भी वहीं है। हम चाहते हैं कि उसके पार्थिव शरीर को जल्द से जल्द वापस लाया जाए। पेशे से इलेक्ट्रिशियन वर्मा ने कहा, ''मेरा बेटा ही परिवार की देखभाल करता था और हमें पैसे भेजता था।

'शव को वापस लाने के लिए लाखों रुपयों की जरूरत'

राजा की मां रूपा देवी ने कहा, हमें बताया गया कि शव को वापस लाने के लिए लाखों रुपयों की जरूरत है। लेकिन हमारी आर्थिक स्थिति ठीक नहीं है। इसलिए हम सरकार से मदद की अपील करते हैं।

शवों के आने पर परिवारों को 5-5 लाख का मुआवजा देगी सरकार

राज्य श्रम विभाग के झारखंड प्रवासी प्रकोष्ठ की प्रमुख शिखा लकड़ा ने कहा कि शवों को वापस लाने की प्रक्रिया शुरू हो गई है और उन्हें इस हफ्ते देश पहुंचाए जाने की उम्मीद है। उन्होंने कहा कि चूंकि दोनों प्रशिक्षक अपने स्तर पर वियतनाम गए थे और वे नियमित कर्मचारी नहीं थे इसलिए शवों को वापस लाने का खर्च परिवारों को ही उठाना होगा। उन्होंने कहा कि परिवार की मदद के वास्ते वियतनाम में भारतीय समुदाय ने शवों को भेजने के लिए आर्थिक मदद दी है। शवों के आने पर राज्य सरकार नियमों के मुताबिक परिवार वालों को 5-5 लाख रुपये का मुआवजा देगी।

वियतनाम में रहने वाले भारतीयों ने इकट्ठे किए पैसे

जमशेदपुर में विनय कुमार राय के परिवार के लोग भी अंतिम संस्कार के लिए उनके शव के आने का बेसब्री से इंतजार कर रहे हैं। मृतक के पिता रमेश राय ने बताया कि उनके बेटे के दोस्तों और वियतनाम में रहने वाले भारतीयों ने शव को वापस लाने के लिए जरूरी पैसे इकट्ठा किए हैं। जमशेदपुर के शास्त्री नगर में रहने वाले रमेश राय ने कहा, ''उन्होंने शवों को भारत वापस लाने के लिए आवश्यक 20 लाख रुपये जमा कर लिए हैं। हम चाहते हैं कि भारतीय दूतावास जल्द से जल्द जरूरी कागजी कार्रवाई पूरी करे ताकि शवों को जल्द से जल्द भारत लाया जा सके।''

2 साल पहले वियतनाम गया था विनय

रमेश राय ने बताया कि उनका बेटा दो साल पहले वियतनाम गया था। मृतक के एक रिश्तेदार अभिजीत राय वियतनाम में रहते हैं। उन्होंने कहा कि पुलिस जल्द अनापत्ति प्रमाणपत्र (NOC) जारी करेगी और उन्हें मृत्यु प्रमाणपत्र पहले ही मिल चुका है। फोन पर बात करते हुए उन्होंने कहा कि अब भारतीय दूतावास को स्थानीय अधिकारियों पर दबाव बनाना है ताकि शवों को जल्द वापस भेजा जा सके।

वहीं, हाल ही में बोकारो थर्मल थाना क्षेत्र से एक दिल दहला देने वाली खबर सामने आई थी। यहां डे-नाइट फुटबॉल मैच के दौरान एक खिलाड़ी फुटबॉल खेलते-खेलते मैदान में गिरा और उसकी मौत हो गई। मौत की घटना का वीडियो सामने आया है।

(इनपुट- PTI)

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