1. Hindi News
  2. महाराष्ट्र
  3. दो मासूम बच्चों के शव को कंधे पर रखकर 15 किमी कीचड़ में पैदल चले मां-बाप, जानें पूरा मामला

दो मासूम बच्चों के शव को कंधे पर रखकर 15 किमी कीचड़ में पैदल चले मां-बाप, जानें पूरा मामला

 Edited By: Mangal Yadav
 Published : Sep 05, 2024 06:10 pm IST,  Updated : Oct 28, 2024 08:39 pm IST

बताया जाता है कि जिमलगट्टा स्वास्थ्य केंद्र से पट्टीगांव तक कोई पक्की सड़क नहीं है। इसलिए माता-पिता के लिए इन बच्चों को नाले के पानी और कीचड़ के बीच अपने कंधों पर ले जाना पड़ा। दोनों की मौत से वेलाडी दम्पति शोक में डूब गया।

प्रतीकात्मक फोटो- India TV Hindi
प्रतीकात्मक फोटो Image Source : PEXELS

गढ़चिरौलीः महाराष्ट्र के गढ़चिरौली में बुखार का इलाज कराने डॉक्टर के बजाय पुजारी के पास गए दो छोटे भाईयों की कुछ ही घंटों में मौत हो गई। बच्चे को लेकर परिजन अस्पताल पहुंचे तो बहुत देर हो चुकी थी। समय पर एंबुलेंस नहीं मिलने पर वह शव को कंधे पर रखकर 15 किलोमीटर पैदल चलकर घर पहुंचे। मामला अहेरी तालुका के पत्तीगांव का है। यह घटना बुधवार को घटी।

बुखार का इलाज कराने पुजारी के पास पहुंचे

जानकारी के अनुसार, सगे भाई बाजीराव रमेश वेलादी (6 वर्ष) और दिनेश रमेश वेलादी (साढ़े तीन वर्ष) येर्रागड्डा जिला अहेरी के रहने वाले थे। दो दिन पहले वे माता-पिता के साथ पट्टीगांव आए थे। 4 सितम्बर को बाजीराव को बुखार हो गया। बाद में दिनेश भी बीमार पड़ गया। उसके माता-पिता उसे पट्टीगांव इलाके में एक पुजारी के पास ले गए। वहां उन्हें जड़ी-बूटियां दी गईं। कुछ देर बाद दोनों की हालत और बिगड़ गई। सुबह 10:30 बजे बाजीराव की मृत्यु हो गई, फिर दोपहर 12:00 बजे दिनेश की भी मौत हो गई।

शव को कंधे पर रखकर 15 किमी कीचड़ में पैदल चले मां-बाप

बताया जाता है कि जिमलगट्टा स्वास्थ्य केंद्र से पट्टीगांव तक कोई पक्की सड़क नहीं है। इसलिए माता-पिता के लिए इन बच्चों को नाले के पानी और कीचड़ के बीच अपने कंधों पर ले जाना पड़ा। दोनों की मौत से वेलाडी दम्पति शोक में डूब गया। स्वास्थ्य केंद्र में कोई एम्बुलेंस नहीं थी, इसलिए देचलीपेठा से एम्बुलेंस बुलाने की तैयारी की गई लेकिन मौत के बाद एंबुलेंस कौन से काम की समझ कर दोनों को अपने कंधों पर लादकर पत्तीगांव के ओर चलने लगे। इसके बाद उन्होंने एक रिश्तेदार की बाइक बुलाई और पट्टीगांव पहुंच गए।

मामले की की जा रही है जांच

जिला स्वास्थ्य अधिकारी ने कहा कि दोनों बच्चों की मौत की बात सही है। हालांकि, मौत का सही कारण स्पष्ट नहीं है। इन बच्चों को पहले पुजारी के पास ले जाया गया। स्वास्थ्य केंद्र पहुंचने से पहले ही उसकी मौत हो चुकी थी। एंबुलेंस लाने का प्रयास किया, लेकिन परिजन नहीं माने। मामले की जांच कर रिपोर्ट मांगी जायेगी।

रिपोर्ट- नरेश सहारे

Advertisement

India TV हिंदी न्यूज़ के साथ रहें हर दिन अपडेट, पाएं देश और दुनिया की हर बड़ी खबर। महाराष्ट्र से जुड़ी लेटेस्ट खबरों के लिए अभी विज़िट करें।