1. Hindi News
  2. पैसा
  3. बिज़नेस
  4. भारत का डिफॉल्‍ट रिस्‍क है बहुत कम, फि‍च ने लांग टर्म डिफॉल्‍ट रेटिंग BBB रखी बरकरार

भारत का डिफॉल्‍ट रिस्‍क है बहुत कम, फि‍च ने लांग टर्म डिफॉल्‍ट रेटिंग BBB रखी बरकरार

 Written By: Surbhi Jain
 Published : Dec 07, 2015 03:13 pm IST,  Updated : Dec 07, 2015 05:33 pm IST

फि‍च रेटिंग्‍स ने भारत की लांग टर्म फॉरेन और लोकल करेंसी इश्‍यूअर डिफॉल्‍ट रेटिंग (आईडीआर) को बीबीबी को बरकरार रखा है।

भारत का डिफॉल्‍ट रिस्‍क है बहुत कम, फि‍च ने लांग टर्म डिफॉल्‍ट रेटिंग BBB रखी बरकरार- India TV Hindi
भारत का डिफॉल्‍ट रिस्‍क है बहुत कम, फि‍च ने लांग टर्म डिफॉल्‍ट रेटिंग BBB रखी बरकरार

नई दिल्‍ली। फि‍च रेटिंग्‍स ने भारत की लांग टर्म फॉरेन और लोकल करेंसी इश्‍यूअर डिफॉल्‍ट रेटिंग (आईडीआर) को बीबीबी को बरकरार रखा है। इकसे साथ ही एजेंसी ने लांग-टर्म आईडीआर के लिए अपना आउटलुक भी स्थिर स्‍टेबल रखा है। बीबीबी रेटिंग यह दर्शाती है कि रिफॉल्‍ट रिस्‍क की उम्‍मीद वर्तमान में बहुत कम है। फाइनेंशियल प्रतिबद्धताओं के भुगतान की क्षमता पर्याप्‍त है लेकिन प्रतिकूल व्‍यापार और आर्थिक स्थिति से इस क्षमता के कम होने की संभावना है।

ग्‍लोबल क्रेडिट रेटिंग एजेंसी फि‍च ने भारत की सीनियर अनसिक्‍योर्ड फॉरेन और लोकल करेंसी बांड की रेटिंग भी बीबीबी रखी है। शॉर्ट टर्म फॉरेन करेंसी आईडीआर रेटिंग को एफ3 पर बरकरार रखा गया है। फि‍च द्वारा भारत की सॉवरेन रेटिंग और आउटलुक को संतुलित रखने की प्रमुख वजह मीडियम टर्म में जीडीपी ग्रोथ आउटलुक और सकारात्‍मक विदेशी निवेश है, जिसमें बढ़ता विदेशी मुद्रा भंडार और सुधरता बिजनेस माहौल भी शामिल है।

भारत का जीडीपी ग्रोथ आउटलुक दुनियाभर में सकारात्‍मक है। फि‍च ने 2015-16 के लिए भारत की वास्‍तविक जीडीपी ग्रोथ का अनुमान 7.5 फीसदी व्‍यक्‍त किया है। वित्‍त वर्ष 2016-17 के लिए यह अनुमान 8.0 फीसदी है। फि‍च ने अपनी रिपोर्ट में कहा है कि आरबीआई द्वारा 2015 में पॉलिसी रेट में 125 आधार अंकों की कटौती करने से भी जीडीपी ग्रोथ को बल मिला है। एजेंसी ने कहा है कि भारत सरकार लगातार सुधारात्‍मक कदम उठा रही है। पिछले महीने एफडीआई के लिए किए गए नए बदलाव से देश में बिजनेस माहौल काफी सकारात्‍मक हुआ है।

Advertisement

India TV हिंदी न्यूज़ के साथ रहें हर दिन अपडेट, पाएं देश और दुनिया की हर बड़ी खबर। Business से जुड़ी लेटेस्ट खबरों के लिए अभी विज़िट करें पैसा